गृह मंत्री ने कॉन्ग्रेस के दिनों को याद करते हुए लिखा कि तीन दशक पूर्व एक अवसर तब आया था, जब शाहबानो मामले में 400 से अधिक सांसदों वाली कॉन्ग्रेस मुस्लिम महिलाओं को इस दंश से मुक्त करा सकती थी। मगर, तत्कालीन प्रधानमंत्री राजीव गाँधी ने मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड, मौलवियों और वोट बैंक की राजनीति के दबाव में आकर एक नया कानून लाकर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को पलट दिया।
हमले को अंजाम देने के लिए गुलाम कश्मीर के नेजापीर सेक्टर से जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी घुसपैठ की फिराक में हैं। इसके अलावा श्रीनगर-बारामुला-उरी हाइवे पर सेना के काफिले को भी आईईडी धमाके से निशाना बनाने की योजना थी।
पाकिस्तान के अंदर कई मदरसे न केवल वैचारिक प्रचार के केंद्र के रूप में कार्य करते हैं, बल्कि सभी प्रकार की आतंकी गतिविधियों के लिए प्रशिक्षण भी प्राप्त करते हैं, जो धीरे-धीरे आतंकियों के लिए धन इकट्ठा करने वाले समूहों में तब्दील हो जाते हैं।
इरशाद पहली बार काँवड़ लेकर नहीं गया था। स्थानीय लोगों का कहना है कि वो काफी लंबे समय से काँवड़ यात्रा में भाग ले रहा है। मगर इस बार इरशाद का काँवड़ यात्रा में शामिल होना और गंगाजल घर लाना उसके अपने ही समुदाय के कुछ लोगों को रास नहीं आया।
शमा परवीन का निकाह अप्रैल 2010 में एहसान मिस्त्री से हुआ था। निकाह के कुछ दिनों बाद से ही एहसान बीवी के साथ शराब पीकर बुरा बर्ताव करता था। मारने-पीटने के बाद उसे घर से निकाल देता था।
सिरसा ने बॉलीवुड सितारों से कहा है कि हेयरकट, कपड़े और यहां तक कि बच्चों का नाम भी आपसे प्रभावित होकर रखे जाते हैं। ऐसे में क्या यह उचित है कि आप जवाबदेही से बचने के लिए निजी जीवन का हवाला दे इंस्टाग्राम पर अपनी ड्रग पार्टी का दिखावा करें?
दरगाह-ए-आला हज़रत के प्रवक्ता ने नए कानून की प्रशंसा करते हुए इसे मुस्लिम महिलाओं के हित में बताया है। उन्होंने कहा कि निश्चित रूप से यह कानून तीन तलाक के मामलों को रोकने में मददगार साबित होगा।
कान्ग्रेस के एक नेता ने बताया कि ज्यादातर नेता चाहते हैं कि सिद्धरमैया विपक्ष का नेता बनें। जनाधार होने के साथ-साथ उन्हें वित्त सहित राज्य के अन्य मसलों की गहरी जानकारी है। पार्टी कार्यकर्ता भी सिद्धरमैया को ही इस पद पर देखना चाहते हैं।
सैनिकों की तैनाती और विभिन्न आदेशों से जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा समाप्त करने जैसे कुछ बड़े फैसलों को लेकर अटकलें जोरों पर है। सरकार का कहना है कि ये कदम आतंकी मंसूबों को नाकाम करने तथा सुरक्षा को और सुदृढ़ करने के मकसद से उठाए गए हैं। लेकिन, जम्मू-कश्मीर के नेताओं की बयानबाजी से अफवाहों का बाजार गरम है।
पुलिस ने मौके पर पहुँचकर आरोपित को हिरासत में ले लिया। थाना प्रभारी संदीप बालियान का कहना है कि सूचना मिलने के कुछ ही समय बाद पुलिस मौके पर पहुँच गई थी। पुलिस ने चोर की बेरहमी से पिटाई की बात को गलत बताया है।