Homeफ़ैक्ट चेकफैक्ट चेक: क्या अमानतुल्लाह खान बनाना चाहता है शाहीन बाग़ को 'शरिया'?

फैक्ट चेक: क्या अमानतुल्लाह खान बनाना चाहता है शाहीन बाग़ को ‘शरिया’?

अमानतुल्लाह ने अपने इस 44 सेकंड के वीडियो में 13 बार 'अल्लाह' शब्द का इस्तेमाल किया है। अमानतुल्लाह खान का यह भाषण इतना मजहबी शब्दों से भरा हुआ है कि लोगों को यह सोचने का मौका नहीं मिला कि वो इसे 'शरिया' कह रहे हैं या 'जरिया'।

जैसे-जैसे दिल्ली के विधानसभा चुनाव नजदीक आ रहे हैं, शाहीन बाग़ और आम आदमी पार्टी का रिश्ता भी करीब होते जा रहा है। यही वजह है कई लोग सोशल मीडिया पर इन दोनों के संबंधों को लेकर लोग गुमराह भी आसानी से हो रहे हैं। ट्विटर पर एक वीडियो काफी तेजी से शेयर किया जा रहा है, जिसमें आम आदमी पार्टी नेता अमानतुल्लाह खान एक ‘जहरीला’ भाषण देते हुए सुने जा रहे हैं। इस वीडियो को बीजेपी नेता संबित पात्रा और बॉलीवुड के डायरेक्टर विवेक अग्निहोत्री ने भी शेयर किया है।

इस वीडियो को ट्वीट करते हुए संबित पत्रा ने लिखा है- “अल्लाह ने तय कर दिया है की इन ज़ालिमों का ख़ात्मा होगा… हम शरिया बनेंगे… कहीं न कहीं से शुरुआत तो होती ही है…” AAP का अमानतउल्लाह खान दोस्तों ये है AAP के विचार अब ज़रा आप भी सोचिए… सब अल्लाह ही तय करेंगे या आप भी कुछ तय करेंगे? आप शरिया बनना चाहतें है या नहीं??”

क्या अमानतुल्लाह खान ने सच में कहा ‘शरिया बनना चाहते हैं’?

इस वीडियो में अमानतुल्लाह खान जोश में कहते हुए सुने जा रहे हैं कि जो कुछ भी हो रहा है, सब अल्लाह करवा रहे हैं। “अल्लाह ने तय कर लिया कि कौन बादशाह होगा, किसकी फ़तह होगी, कौन जलील होगा। अगर बन्दे के हाथ में सब कुछ होता तो ये लोग अब तक हम सबको कुचल देते। लेकिन अल्लाह ने फैसला कर लिया है कि इन जालिमों का पतन होगा, ये ख़त्म होंगे। इनके जुल्म का ख़ात्मा ओखला से होगा, जामिया से होगा। हम ‘जरिया’ बनेंगे। आज शाहीन बाग़ ने पूरी दुनिया को जगाने का काम किया।”

लेकिन अमानतुल्लाह खान के इस वीडियो में काफी लोग ‘शरिया’ और ‘जरिया’ को सुनने में गड़बड़ी कर गए। दरअसल, अमानतुल्लाह खान का यह भाषण इतना मजहबी शब्दों से भरा हुआ है कि लोगों को यह सोचने का मौका नहीं मिला कि वो इसे ‘शरिया’ कह रहे हैं या ‘जरिया’।

ओखला से विधान सभा चुनाव के लिए प्रत्याशी अमानतुल्लाह खान ने अपने इस 44 सेकंड के वीडियो में 13 बार ‘अल्लाह’ शब्द का इस्तेमाल किया है। इस पर एक ट्विटर यूजर ने लिखा है कि वोट काम के नाम पे माँगे जा रहे हैं या फिर अल्लाह के नाम पर?

‘द प्रिंट’ नामक वेबसाइट के एडिटर ने कल ही ट्वीट में लिखा था कि योगी आदित्यनाथ ने अपने 48 सेकंड के भाषण में 8 बार ‘पाकिस्तान’ का जिक्र किया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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