Thursday, April 15, 2021
Home बड़ी ख़बर मोदी की सारी रैलियों पर रोक, चुनावों तक जलदस्यु बन कर रहें: EC और...

मोदी की सारी रैलियों पर रोक, चुनावों तक जलदस्यु बन कर रहें: EC और SC

जब आप यह ख़बर पढ़ रहे होंगे श्री मोदी जी विराट हिन्दू श्री जीवन दीप जी के जहाज 'काले मोती' पर होंगे।

बासी खबरों के अनुसार, विपक्षी दलों की लगातार शिकायतों के कारण चुनाव आयोग ने संज्ञान लेते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सारी रैलियों पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने का आदेश दिया है। मुख्य न्यायाधीश ने इस मामले पर थोड़ा ढीला रुख़ अपनाते हुए, मोदी को राहत देते हुए जलदस्यु, यानी पायरेट या समुद्री लुटेरा, बन कर हिन्द महासागर की लहरों पर मछली मार कर जीवन व्यतीत करने का रास्ता सुझाया। उन्होंने कहा कि मोदी चाहे तो उन्हीं की अध्यक्षता वाली संविधान टेबल को अपील कर सकते हैं।

कोर्ट के अंदर बैठे सूत्रों ने ट्वीट करके जानकारी दी कि सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव आयोग से कमलनाथ जी के राज्य में पकड़े गए कैश से एक नाव बनाकर मोदी जी को देने की सिफ़ारिश की एवम् तत्काल ही उन्हें गोवा के रास्ते मैडागास्कर की तरफ निकल जाने को कहा। मोदी जी ने लाख बार ‘मित्रों’ कह कर गुहार लगाई लेकिन उनकी एक न सुनी गई।

वहीं चुनाव आयोग में इस बार ऐसा पहली बार हुआ है जब किसी निवर्तमान प्रधानमंत्री को चुनाव प्रचार से रोक दिया गया हो। पहले विवेक ओबरॉय अभिनीत मोदी फिल्म पर रोक लगवाने के बाद विपक्षी दलों को यह तर्क सूझा कि अगर फिल्म पर रोक लगवाई जा सकती है, तो फिर आदमी पर क्यों नहीं। कॉन्ग्रेस की तरफ से सफ़ेद काग़ज़ का बंडल लेकर चले रणदीप सूरजेवाला ने चुनाव आयोग को बताया कि जब फिल्म के प्रदर्शन से लोगों के विचार बदल सकते हैं, तो फिर आदमी तो दिन में तीन रैलियाँ कर रहा है, उसका भी उपाय होना चाहिए।

चुनाव आयोग के कमिश्नर साहब ने इस पर थोड़ी देर विचार किया और कहा, “अगर सही तरीके से देखा जाए तो यह तर्क उचित लगता है। या तो हमें फिल्म को बैन नहीं करना चाहिए था, या फिर आदमी को भी बैन करना होगा।” यह सुनकर कपिल सिब्बल की आँखों में चमक आ गई और तत्काल ही उन्होंने राहुल गाँधी को अपनी आँख मारने वाली तस्वीर व्हाट्सएप्प कर दी।

जहाँ मोदी के विरोधियों में खुशी की लहर है, वहीं मोदी समर्थकों ने इस पर भारी नाराज़गी जताई है। हालाँकि, अमित शाह इस बात पर खासे खुश दिखे और कहा कि जल्द ही मैडागास्कर से लेकर मोज़ाम्बिक तक भाजपा के साढ़े तीन करोड़ नए सदस्य बनेंगे और हमारी सरकार वहाँ भी होगी।

एक समर्थक ने, नाम न बताने की शर्त पर, कहा, “देखिए, चाहे ये लोग जो भी कर लें, आएगा तो मोदी ही।” जब हमारे संवाददाता ने उनसे पूछा कि इसमें नाम छिपाने वाली बात क्या है, तो उन्होंने कहा कि उनके विश्वविद्यालय के कुछ बच्चे ढाबा पर उनके राजनैतिक झुकाव को लेकर उन्हें घेर लेते हैं, और डराते धमकाते हैं। उन्होंने विश्वविद्यालय का भी नाम लिखने से मना किया है।

राजनैतिक विश्लेषक और सामरिक मामलों के जानकार होने से लेकर वैज्ञानिक, शिल्पकार, गीतकार, नृत्य निर्देशक और समसामयिक विचारक अरविन्द शर्मा जी ने इस बात पर मिली-जुली प्रतिक्रिया दी, “आप देख सकते हैं कि विरोधियों में खुशी की लहर है, लेकिन खुशी की लहर से चुनाव नहीं जीते जाते। मोदी लहर चुनावों में बहुमत का जादुई आँकड़ा देते हैं। विपक्ष वाले इसी बात पर खुश हैं कि किसी भी बात की लहर तो उनकी तरफ है। आप देख लीजिएगा, इनकी खुशी की लहर दुःख की लहर में बदल जाएगी।”

मीडिया के कई हिस्सों में सुबह के चार बजे तक प्राइम टाइम होता रहा और रवीश जैसे तथाकथित पत्रकारों ने स्टूडियो से कैम्पेनिंग की शुरुआत करते हुए चार बजे सुबह प्राइम टाइम कर दिया। ख़बर है कि उनके गाँव के लोगों ने उन्हें बहुत भला-बुरा कहा क्योंकि चार बजे ब्रह्म मुहूर्त होता है, जब हिमालय से आने वाली हवा सीधे हमारे नाक में घुसती है, न कि प्राइम टाइम। उनके गाँव के लोगों ने कहा है कि अब वो रवीश का शो नहीं देखेंगे। वहीं, परसों तक दिन-रात मोदी को कोसने वाले जिस राजदीप ने कल पाला बदलकर मोदी की बड़ाई शुरु कर दी थी, आज फिर से ट्रैक बदल कर गिद्धों वाली मुस्कान के साथ वापसी की है और मोदी को आड़े हाथों लिया है।

हमारे संवाददाता ने चुनाव आयोग से पूछा कि पत्रकारों की कैम्पेनिंग पर रोक कब लगेगी तो उन्होंने माइक छीन कर तीन बार पूछा, “आर यू सीरियस? आर यू सीरियस? आर यू सीरियस।” हिन्दी पत्रकार को अंग्रेज़ी समझ में नहीं आई और वो माइक वापस माँग कर कॉन्ग्रेस मुख्यालय चला गया जहाँ राहुल गाँधी अपने कुत्ते से प्रेम करते पाए गए।

राहुल गाँधी ने कहा है कि मोदी जी चाहे कहीं भी चले जाएँ, वो उनसे हमेशा प्रेम करते रहेंगे। फिर उन्होंने अपने फोन पर एक विडियो दिखाया जिसमें कई सेलिब्रिटी सीरियस चेहरा बनाए चुटकुले सुना रहे थे जिसमें यूनेस्को द्वारा बेस्ट चुटकुला का अवार्ड पाए ‘नफ़रत की राजनीति’ वाला चुटकुला भी शामिल था। बॉलीवुड के नो वन गिव्स अ डैम क्वालिटी लेखक-कलाकार-सेलिब्रिटी समूह ने ट्वीट करते हुए कहा कि सोशल मीडिया के साथ-साथ मीडिया और फ़िल्मों में हर जगह मोदी के आने से उनके पहले से ही नाकाम करियर को मोदी ने और भी पीछे ढकेल दिया था। वो बस इसलिए ही खुश हैं कि कुछ दिन खबरों में उनका नाम भी होगा। जब उन्हें बताया गया कि उनके पूरे समूह में से बस दो लोगों के ही नाम हेडलाइन में आते हैं, तो वो लोग नाराज हो गए।

इस पूरे समूह ने इच्छा जताई कि उँगली पर खुद ही काली क़लम से निशान लगाने के बाद सेल्फी पोस्ट करने पर चुनाव आयोग को वैलिड वोट मान लेना चाहिए क्योंकि खलिहर होने के कारण उनके पास सिवाय ऐसे दो कौड़ी के स्टेटमेंट पर साइन करने के, कुछ खास काम है नहीं, अतः वो सनग्लासेज़ भी अफोर्ड नहीं कर पा रहे जो कि वोट करने जाने के लिए निहायत ही ज़रूरी है।

ख़बर के लिखे जाने तक प्रधानमंत्री मोदी जी ने चुनाव आयोग की टैक्निकैलिटी का फायदा उठाते हुए हर रैली की स्पीच पहले से ही रिकॉर्ड कर ली और होलोग्राम के ज़रिए संबोधन करने का फ़ैसला लिया है। चूँकि चुनाव आयोग ने उन्हें रैली करने से मना किया है, लेकिन उनके होलोग्राम पर कोई रोक नहीं, इसलिए भाजपा वालों को कोई फ़र्क़ नहीं पड़ रहा। समर्थकों ने इसे अमित चाणक्य शाह का मास्टर स्ट्रोक कहा है जहाँ उनके अनुसार मोदी को सहानुभूति का भी फायदा मिलेगा और वोट भी।

जब आप यह ख़बर पढ़ रहे होंगे श्री मोदी जी विराट हिन्दू श्री जीवन दीप जी के जहाज ‘काले मोती’ पर होंगे।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

अजीत भारती
पूर्व सम्पादक (फ़रवरी 2021 तक), ऑपइंडिया हिन्दी

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘वीडियो और तस्वीरों ने कोर्ट की अंतरात्मा को हिला दिया है…’: दिल्ली दंगों में पिस्टल लहराने वाले शाहरुख को जमानत नहीं

दिल्ली हाई कोर्ट ने दिल्ली दंगों के आरोपित शाहरुख पठान को जमानत देने से इनकार कर दिया है।

ESPN की क्रांति, धार्मिक-जातिगत पहचान खत्म: दिल्ली कैपिटल्स और राजस्थान रॉयल्स के मैच की कॉमेंट्री में रिकॉर्ड

ESPN के द्वारा ‘बैट्समैन’ के स्थान पर ‘बैटर’ और ‘मैन ऑफ द मैच’ के स्थान पर ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ जैसे शब्दों का उपयोग होगा।

‘बेड दीजिए, नहीं तो इंजेक्शन देकर उन्हें मार डालिए’: महाराष्ट्र में कोरोना+ पिता को लेकर 3 दिन से भटक रहा बेटा

किशोर 13 अप्रैल की दोपहर से ही अपने कोरोना पॉजिटिव पिता का इलाज कराने के लिए भटक रहे हैं।

बाबा बैद्यनाथ मंदिर में ‘गौमांस’ वाले कॉन्ग्रेसी MLA इरफान अंसारी ने की पूजा, BJP सांसद ने उठाई गिरफ्तारी की माँग

"जिस तरह काबा में गैर मुस्लिम नहीं जा सकते, उसी तरह द्वादश ज्योतिर्लिंग बाबा बैद्यनाथ मंदिर में गैर हिंदू का प्रवेश नहीं। इरफान अंसारी ने..."

‘मुहर्रम के कारण दुर्गा विसर्जन को रोका’ – कॉन्ग्रेस के साथी मौलाना सिद्दीकी का ममता पर आरोप

भाईचारे का राग अलाप रहे मौलाना फुरफुरा शरीफ के वही पीरजादा हैं, जिन्होंने अप्रैल 2020 में वायरस से 50 करोड़ हिंदुओं के मरने की दुआ माँगी थी।

‘जब गैर मजहबी मरते हैं तो खुशी…’ – नाइजीरिया का मंत्री, जिसके अलकायदा-तालिबान समर्थन को लेकर विदेशी मीडिया में बवाल

“यह जिहाद हर एक आस्तिक के लिए एक दायित्व है, विशेष रूप से नाइजीरिया में... या अल्लाह, तालिबान और अलकायदा को जीत दिलाओ।”

प्रचलित ख़बरें

छबड़ा में मुस्लिम भीड़ के सामने पुलिस भी थी बेबस: अब चारों ओर तबाही का मंजर, बिजली-पानी भी ठप

हिन्दुओं की दुकानों को निशाना बनाया गया। आँसू गैस के गोले दागे जाने पर हिंसक भीड़ ने पुलिस को ही दौड़ा-दौड़ा कर पीटा।

‘कल के कायर आज के मुस्लिम’: यति नरसिंहानंद को गाली देती भीड़ को हिन्दुओं ने ऐसे दिया जवाब

यमुनानगर में माइक लेकर भड़काऊ बयानबाजी करती भीड़ को पीछे हटना पड़ा। जानिए हिन्दू कार्यकर्ताओं ने कैसे किया प्रतिकार?

थूको और उसी को चाटो… बिहार में दलित के साथ सवर्ण का अत्याचार: NDTV पत्रकार और साक्षी जोशी ने ऐसे फैलाई फेक न्यूज

सोशल मीडिया पर इस वीडियो के बारे में कहा जा रहा है कि बिहार में नीतीश कुमार के राज में एक दलित के साथ सवर्ण अत्याचार कर रहे।

जानी-मानी सिंगर की नाबालिग बेटी का 8 सालों तक यौन उत्पीड़न, 4 आरोपितों में से एक पादरी

हैदराबाद की एक नामी प्लेबैक सिंगर ने अपनी बेटी के यौन उत्पीड़न को लेकर चेन्नई में शिकायत दर्ज कराई है। चार आरोपितों में एक पादरी है।

पहले कमल के साथ चाकूबाजी, अगले दिन मुस्लिम इलाके में एक और हिंदू पर हमला: छबड़ा में गुर्जर थे निशाने पर

राजस्थान के छबड़ा में हिंसा क्यों? कमल के साथ फरीद, आबिद और समीर की चाकूबाजी के अगले दिन क्या हुआ? बैंसला ने ऑपइंडिया को सब कुछ बताया।

छबड़ा में कर्फ्यू जारी, इंटरनेट पर पाबंदी बढ़ी: व्यापारियों का ऐलान- दोषियों की गिरफ्तारी तक नहीं खुलेंगी दुकानें

राजस्थान के बाराँ स्थित छबड़ा में आबिद, फरीद और समीर की चाकूबाजी के अगले दिन भड़की हिंसा में मुस्लिम भीड़ ने 6 दर्जन के करीब दुकानें जला डाली थी।
- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

292,985FansLike
82,215FollowersFollow
394,000SubscribersSubscribe