Homeदेश-समाजदेशद्रोह का आरोप, फेसबुक पर पाकिस्तानी झंडा पोस्ट कर लिखा- आई लव यू... :...

देशद्रोह का आरोप, फेसबुक पर पाकिस्तानी झंडा पोस्ट कर लिखा- आई लव यू… : मोहम्मद नियाज को हाई कोर्ट ने दी जमानत

नियाज पर बदायूँ जिले के फैजगंज बेहता थाने में देशद्रोह के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। वह 27 अक्टूबर 2021 से जेल में था।

इलाहाबाद हाई कोर्ट (Allahabad High Court) ने देशद्रोह (Sedition) के आरोपित मोहम्मद नियाज (Mohammad Niyaz) को हाल ही में जमानत दी है। वह 27 अक्टूबर 2021 से जेल में था। उस पर फेसबुक (Facebook) पर पाकिस्तान (Pakistan) का झंडा पोस्ट करने का आरोप है। लेकिन कोर्ट ने कहा कि तथ्यों और परिस्थितियों को देखते हुए आवेदक जमानत पाने के योग्य है। यह आदेश न्यायमूर्ति ओम प्रकाश त्रिपाठी की एकल पीठ ने दिया।

जानकारी के मुताबिक नियाज पर बदायूँ जिले के फैजगंज बेहता थाने में देशद्रोह के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। पुनीत कुमार नामक व्यक्ति की शिकायत पर नियाज के खिलाफ FIR दर्ज की गई थी। इसमें आरोप लगाया गया था कि नियाज ने अपनी फेसबुक आईडी से पाकिस्तानी झंडे की एक तस्वीर पोस्ट की थी। साथ ही लिखा था ‘आई लव यू पाकिस्तान, आई मिस यू पाकिस्तान’। आरोप है कि ऐसा कर उसने देश में सामाजिक गड़बड़ी पैदा करने की कोशिश की। नियाज पर भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 124ए (देशद्रोह) के तहत मामला दर्ज किया गया था।

नियाज के वकील की दलील थी कि वह निर्दोष है और उसे जानबूझकर फँसाया गया है। वह मजदूर है और उसने कभी भी किसी तरह की सामाजिक अशांति पैदा करने की कोशिश नहीं की। उन्होंने कहा कि आवेदक आगे भी इस प्रकार की राष्ट्रविरोधी गतिविधि में शामिल नहीं होगा। उसका कोई आपराधिक इतिहास नहीं है। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि वह जमानत का दुरुपयोग नहीं करेगा। रिपोर्ट के अनुसार अतिरिक्त सरकारी वकील ने जमानत का तो विरोध किया, लेकिन नियाज के वकील की दलीलों पर आपत्ति नहीं उठाई। इसे देखते हुए अदालत ने उसकी जमानत अर्जी मंजूर कर ली।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘मेविस्तान’ बनाने का सपना, अलवर-भरतपुर में हिंसा और फिर गाँधी-नेहरू का हस्तक्षेप: जानिए मेवात के उस इतिहास की पूरी कहानी, जिसने बदल दिया इलाके...

मेविस्तान की माँग, 1933 का गोविंदगढ़ संघर्ष, 1947 का अलवर-भरतपुर घटनाक्रम और गाँधी-नेहरू के हस्तक्षेप से जुड़ी मेवात की पूरी कहानी जानिए।

59 करोड़ अकाउंट्स, लाखों करोड़ की कैपिटल और आखिरी व्यक्ति तक पहुँचता बैंकिंग सिस्टम… फिर क्यों जनधन योजना से सुभाष गर्ग को लगी मिर्ची?

सुभाष गर्ग ने जनधन योजना के 59 करोड़ खातों पर सवाल उठाए, जानिए जीरो बैलेंस, इनएक्टिव अकाउंट्स और DBT से जुड़ी पूरी कहानी।
- विज्ञापन -