गुजरात के अहमदाबाद के कलाना गाँव में एक हिंदू परिवार पर मुस्लिम भीड़ ने हमला कर दिया। पुलिस घटना की जाँच कर रही है, लेकिन मामले में बांग्लादेश से जुड़ा पहलू भी सामने आया है। पीड़ितों का कहना है कि बांग्लादेश में एक हिंदू युवक की हत्या के बाद, गाँव के एक हिंदू युवक द्वारा सोशल मीडिया पर पोस्ट किए गए एक पोस्ट से मुस्लिम हमलावर भड़क उठे।
यह बात तब सामने आई जब ऑपइंडिया ने पीड़ितों से मुलाकात की और उनसे बातचीत की। इस घटना में सबसे पहले जिस व्यक्ति पर हमला हुआ, वह एक हिंदू नाबालिग था। हमले में उसके पिता भी घायल हो गए। उन्होंने अस्पताल में इलाज के दौरान ऑपइंडिया से बात की।
पीड़ित के पिता ने बताया कि उनके बेटे ने बांग्लादेश में दीपू दास की हत्या के बारे में सोशल मीडिया पर एक पोस्ट डाली थी, जिसमें उसने न्याय की माँग की थी। उन्होंने आरोप लगाया कि इस पोस्ट को देखने के बाद स्थानीय मुस्लिमों ने उसे धमकी दी कि बांग्लादेश में एक हिंदू को जला दिया गया है और अगर उसने ऐसी पोस्ट डाली तो पूरे ठाकुरवास को जला दिया जाएगा।
‘બાંગ્લાદેશમાં તો ખાલી એક જ હિંદુને સળગાવ્યો હતો, અહીં તો આખો ઠાકોર વાસ સળગાવી મેલવાનો છે…’
— ઑપઇન્ડિયા (@OpIndia_G) January 1, 2026
સાણંદના કલાણા ગામના એક હિંદુ યુવાને બાંગ્લાદેશમાં મુસ્લિમો દ્વારા એક હિંદુ યુવાનને જાહેરમાં સળગાવ્યો એ બાબતની સ્ટોરી મૂકી હતી, જેની દુશ્મનાવટ રાખીને ગામના મુસલમાનોએ કર્યો હતો હુમલો…… pic.twitter.com/rkVHKffWXB
स्थानीय हिंदू महिलाओं का आरोप: बेटियों और बहनों को लंबे समय से किया जा रहा परेशान
इसके अलावा स्थानीय महिलाओं ने आरोप लगाया है कि कुछ स्थानीय मुस्लिम पुरुष पिछले 12 महीनों से उन्हें परेशान कर रहे हैं। हिंदू महिलाओं और बेटियों को घर से बाहर निकलना मुश्किल हो रहा है, उनके प्रति अश्लील इशारे किए जाते हैं। हिंदुओं का आरोप है कि तिलक लगाने पर उन्हें धमकियाँ दी जा रही हैं और गाँव में कोई भी हिंदू त्योहार या उत्सव शांतिपूर्वक नहीं मनाने दिया जा रहा है।
‘આ આજનું નથી, છેલ્લા 12થી વધુ મહિનાઓથી અમને હેરાન કરી રહ્યા છે…’
— ઑપઇન્ડિયા (@OpIndia_G) December 31, 2025
‘હિંદુ મહિલાઓ-દીકરીઓ નીકળે એટલે મુસલમાનો જાહેરમાં તેમની સામે પેન્ટ ખોલીને ઊભા રહી જાય છે…’
‘અમારા છોકરા તિલક લગાવે તો એમને ધમકીઓ આપે છે…’
‘ગામમાં કોઈ હિંદુ તહેવાર આ મુસલમાનો અમને ઉજવવા નથી દેતા…’
સાણંદના… pic.twitter.com/wSvG19r7gb
एक अन्य महिला ने आरोप लगाया कि काम से लौटने पर उसके पति या परिवार के अन्य सदस्यों की पिटाई की जाती है। हिंदू बहनों और बेटियों के घर से बाहर निकलने पर उनसे अश्लील इशारे करवाए जाते हैं। उसने माँग की कि आरोपितों को सजा दी जाए और हिंदुओं को न्याय मिले।
‘ઘરવાળા નોકરીથી ઘરે આવ્યા તોય એ લોકો મારવા આવ્યા…’
— ઑપઇન્ડિયા (@OpIndia_G) December 31, 2025
‘હિંદુ બૈરાઓને ભાળીને મુસલમાનો નાઈટી કાઢીને ઊભા રહી જાય છે…’
‘અમને ન્યાય જોઈએ, અમને ન્યાય અપાવો… આરોપીઓનો વરઘોડો કાઢો…’
સાણંદના કલાણા ગામની હિંદુ મહિલાએ રડતાં રડતાં ઑપઇન્ડિયા સામે મૂકી આપવીતી…
Sanand | Kalana | Attack on… pic.twitter.com/Dti5SlJhep
अन्य महिलाएँ रोते हुए और अपनी आपबीती सुनाते हुए उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी से न्याय की माँग कर रही थीं। महिलाओं ने बताया कि वे तीन दिनों से बिना भोजन-पानी के ये सब सहन कर रही हैं और अब उन्हें न्याय चाहिए। एक अन्य महिला ने ठाकुर समाज के नेता अल्पेश ठाकुर से भी सवाल किए।
‘હર્ષભાઈને કહેવું છે કે અમને હિંદુઓને ન્યાય આપવો..’
— ઑપઇન્ડિયા (@OpIndia_G) December 31, 2025
‘અલ્પેશભાઈ તમે કહેતા હતા કોલ કરજો હું અડધા કલાકમાં આવી જઈશ, તો ૩ દિવસ થયા તમે કયા છો?’
‘3 દિવસથી અમે ખાધાપીધા વગરના બેઠા છીએ…’
સાણંદના કલાણા ગામની હિંદુ મહિલાએ રડતાં રડતાં જોળી ફેલાવીને હર્ષ સંઘવી અને અલ્પેશ ઠાકોરને ન્યાય… pic.twitter.com/jWwGEdpfLf
गाँव की एक हिंदू महिला ने पत्थरबाजी के बारे में बताते हुए कहा कि एक ही दिन में इतने सारे पत्थर आना संभव नहीं है और इसके लिए पहले से योजना बनाई गई होगी। उन्होंने बताया कि सुबह उठकर जब वह चाय-पानी कर रही थीं, तभी पत्थरबाजी शुरू हो गई। ऑपइंडिया ने उनके घर के दृश्य भी दिखाए हैं।
‘હુમલો પ્લાનિંગથી જ કરાયો હતો, એ લોકો 10 દિવસથી તૈયારી કરી રહ્યા હતા…’
— ઑપઇન્ડિયા (@OpIndia_G) December 31, 2025
‘મુસલમાનોએ પહેલેથી ધાબાઓ પર પથ્થર લાવીને મૂકેલા હતા…’
ગામમાં 1 વર્ષના બાળકથી લઈને 50 વર્ષના વડીલો સુધી તમામ હિંદુઓને મુસ્લિમોએ ફેંકેલા પથ્થર વાગ્યા…
સાણંદના કલાણા ગામથી ઑપઇન્ડિયાનો એક્સક્લૂઝિવ અહેવાલ…… pic.twitter.com/W61MTxL7xv
फुटेज में दिख रहा है कि पाइपों समेत घर की छत गिर गई है। घर में मौजूद महिला ने बताया कि जब वह कपड़े धो रही थी, तभी छत से पत्थर गिरने लगे। इसके अलावा जहाँ उसका बच्चा सो रहा था, वहाँ भी पत्थर गिरे। उसने बताया कि इतने ज्यादा पत्थर गिर रहे थे कि उसके घर की छत गिर गई।
पूरी घटना क्या थी?
यह पूरी घटना सोमवार (29 दिसंबर 2025) की रात को घटी। इसके बाद मंगलवार (30 दिसंबर 2025) की सुबह भी पथराव हुआ। बाद में पुलिस बल गाँव पहुँचा और तलाशी अभियान चलाया। वहीं दूसरी ओर, कार्रवाई के डर से आरोपित अपने घरों से भागकर गाँव के खेतों में छिप गए, जहाँ ड्रोन की मदद से तलाशी के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
एक नाबालिग हिंदू व्यक्ति की शिकायत पर पुलिस ने शाहरुख समेत 22 मुस्लिम व्यक्तियों के खिलाफ FIR दर्ज की थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने सानंद जीआईडीसी पुलिस स्टेशन में भारतीय दंड संहिता की धारा 115(2), 352, 351(3), 189(2), 191(2), 190, 194(2), 324(2) और 125(ए) के तहत आरोपितों के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की जाँच शुरू की और बाद में 42 लोगों को हिरासत में लिया।
यह रिपोर्ट मूल रुप से गुजराती में लिंकन सोखाडिया ने लिखी है। इसे पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें।


