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दिल्ली के ITO में मंदिर और मस्जिद किए जाने के दौरान प्रदर्शन: PWD ने की अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई, हाईकोर्ट के आदेश का दिया हवाला

दिल्ली के आईटीओ इलाके में अतिक्रमण विरोधी अभियान शुरू करने से पहले PWD की तरफ से अतिक्रमणकारियों को नोटिस दी गई थी।

दिल्ली में आईटीओ (ITO) के पास केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (PWD) की तरफ से अतिक्रमण विरोधी कार्रवाई की गई। हाईकोर्ट के आदेश पर की जा रही कार्रवाई के दौरान एक मस्जिद और एक मंदिर को भी गिरा दिया गया। पीडब्ल्यूडी की इस कार्रवाई का स्थानीय लोगों ने विरोध भी किया लेकिन पीडब्ल्यूडी का एंटी एनक्रोचमेंट ड्राइव जारी रहा।

दिल्ली के आईटीओ इलाके में अतिक्रमण विरोधी अभियान शुरू करने से पहले PWD की तरफ से अतिक्रमणकारियों को नोटिस दी गई थी। विभाग की तरफ से अतिक्रमण स्थल पर सूचना पट्ट (होर्डिंग) भी लगाई गई थी। होर्डिंग में लिखा था कि यह भूमि केंद्रीय लोक निर्माण विभाग की है। इस पर किसी प्रकार का अतिक्रमण दण्डनीय अपराध है। यह होर्डिंग कार्यपालक अभियंता के आदेश पर लगवाई गई थी।

रास्ते पर से अतिक्रमण हटाने के लिए हाईकोर्ट की तरफ से आदेश दिए गए थे। इसके बाद यह कार्रवाई की गई। रिपोर्टों के मुताबिक, कार्रवाई के दौरान रास्ते पर स्थित मंदिर और मस्जिद को भी गिरा दिया गया। अतिक्रमण विरोधी कार्रवाई के दौरान मलबों को भी फौरी तौर पर हटा लिया गया। बता दें कि दिल्ली में दिल्ली विकास प्रधाकिरण (Delhi Development Authority) की तरफ से भी अवैध अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।

डीडीए की तरफ से महरौली इलाके में पाँच दिनों तक एंटी एनक्रोचमेंट ड्राइव चलाया गया था। इस दौरान सैकड़ों घरों को गिरा दिया गया था। मुहिम का स्थानीय लोगों ने विरोध भी किया था। लोगों के विरोध को देखते हुए दिल्ली के एलजी विनय सक्सेना ने डीडीए को महरौली और लाडो सराय गाँव में जारी अतिक्रमण विरोधी अभियान रोकने के आदेश दिए। हाईकोर्ट ने हेरिटेज और स्मारकों के आस पास किसी तरह की अवैध अतिक्रमण या अनाधिकृत कब्जे को हटाने के आदेश दिए हुए हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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