Thursday, August 5, 2021
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महाराष्ट्र: ‘जय बजरंग’ लिखकर गाड़ी पर हो रहा था अवैध गो-तस्करी, नईम फारूक कुरैशी समेत पाँच गिरफ्तार

इस गिरोह में पाँच पशु तस्कर थे। इन पशु तस्करों के नाम नईम फारूक कुरैशी (28), शाहरुख सलीम कुरैशी (23) अल्तमस सलीम कुरैशी (21) सलीम सुलेमान कुरैशी (50) और मुन्ना बशीर सैयद (35) हैं। इन पाँचों को महाराष्ट्र के नासिक में पशुओं के अवैध ट्रांसपोर्टिंग के आरोप में गिरफ्तार किया गया।

देश भर में कोरोना वायरस के मद्देनजर जारी लॉकडाउन के बीच रविवार (26 अप्रैल 2020) को गो-तस्करी के एक गिरोह को महाराष्ट्र से गिरफ्तार किया गया। इस गिरोह में पाँच पशु तस्कर थे। इन पशु तस्करों के नाम नईम फारूक कुरैशी (28), शाहरुख सलीम कुरैशी (23) अल्तमस सलीम कुरैशी (21) सलीम सुलेमान कुरैशी (50) और मुन्ना बशीर सैयद (35) हैं। इन पाँचों को महाराष्ट्र के नासिक में पशुओं के अवैध ट्रांसपोर्टिंग के आरोप में गिरफ्तार किया गया।

बता दें कि महाराष्ट्र में जिस गाड़ी पर लेकर ये मवेशियों का गो-तस्करी करते थे, उस पर ‘जय बजरंग’ लिखा हुआ था। एक स्थानीय मराठी समाचार पोर्टल की रिपोर्ट के मुताबिक, एक स्थानीय किसान अनिल बोरस्ते ने 26 अप्रैल की रात को नासिक में ओझर सकोरे मिग रोड पर गोंडकर वस्ती के पास एक गाड़ी में 2 गाय और 4 बछड़े की हत्या करने के लिए अमानवीय तरीके से ले जाते हुए देखा। उस गाड़ी पर महाराष्ट्र का रजिस्ट्रेशन नंबर था। किसान ने देखते ही शोर मचाकर लोगों को इस घटना के बारे में बताया। जिसके बाद स्थानीय लोग तुरंत घटनास्थल पर पहुँचे और गाड़ी रोककर गोवंशों को बचाया।

सूचना मिलने के बाद, पुलिस निरीक्षक भगवान मठुर उस इलाके में पहुँचे, जहाँ स्थानीय लोगों ने वाहन को रोक कर रखा था। उन्होंने पाँच लोगों को गिरफ्तार किया और गोवंशों को अपनी कस्टडी में ले लिया। नासिक पुलिस ने गाड़ी को भी जब्त कर लिया। इसके साथ ही अपराधियों की दो मोटरसाइकिल को भी जब्त किया गया है, जिसकी कीमत दो लाख से अधिक है।

पाँचों आरोपितों के खिलाफ केस दर्ज

महाराष्ट्र में गो-तस्करी के इन पाँचों आरोपितों के खिलाफ महाराष्ट्र पशु संरक्षण अधिनियम 1976 की आईपीसी धारा 11, और 11 (डी) (डी) के तहत ओझर पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया है। साथ ही लॉकडाउन में जिला कलेक्टर के कर्फ्यू पास के उल्लंघन मामले में भी केस दर्ज किया गया है।

राजस्थान के बाँसवाड़ा में गौ हत्या

गौरतलब है कि राजस्थान के बाँसवाड़ा में 23 अप्रैल 2020 को कुछ लोगों ने नशे में गौ हत्या कर दी। अखिल भारत कृषि गौ सेवा संघ की ओर से मिली जानकारी के मुताबिक पाटन थाना क्षेत्र में ईसाई धर्मांतरण गतिविधियाँ पहले से ही सक्रिय थी। गौ हत्या के पीछे भी कहीं न कहीं ईसाई मिशनरी के लोगों का ही हाथ है। आरोप यह भी लगाया है कि कुशलगढ़ विधायक अपराधियों को बचाने का प्रयास कर रही है एवं मामले को दबाने के लिए राजनीतिक दबाव डाल रही है।

मंदिर के सामने भाला मारकर गौ हत्या

इससे पहले 18 जुलाई, 2018 को उत्तर प्रदेश नोएडा के गौतम बुद्ध नगर जिले के दनकौर थाना क्षेत्र में अकबर, जाफर, जुल्फिकार और फरियाद ने खेत में घुसी गाय की मंदिर के सामने भाला मारकर हत्या कर दी थी। 

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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