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‘कलाई में कलावा और माथे पर तिलक देख कर मुस्लिम भीड़ ने किया हमला’: भरी ट्रैफिक में करते रहे पिटाई, पुलिस से भी हाथापाई, 2 गिरफ्तार

जिस समय मुस्लिमों की भीड़ उन्हें पीट रही थी, उस समय हाइवे पर वाहनों की लंबी लाइन लग गई थी। लेकिन, मुस्लिमों की भीड़ इतनी उग्र थी कि किसी ने भी उन्हें बचाने की कोशिश नहीं की।

उत्तर प्रदेश के बरेली जिले में कलाई में कलावा और माथे पर तिलक देखकर मुस्लिम भीड़ द्वारा हमला कर दिया गया। दरअसल, लखनऊ-दिल्ली नेशनल हाइवे पर बाइक और साइकिल की मामूली टक्कर होने के बाद मुस्लिमों की भीड़ ने हिंदू को घेर लिया और जमकर मारपीट की है। मामला सामने आने के बाद बरेली के फतेहगंज पूर्वी थाना पुलिस ने मारपीट करने और धमकी देने के आरोप में दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, गुरुवार (27 अक्टूबर, 2022) की शाम शाहजहाँपुर अंतर्गत गुलचंपा निवासी कांता प्रसाद वर्मा बाइक से जा रहे थे। इस दौरान उनकी बाइक की मामूली टक्कर जीशान और जाकिर नामक व्यक्तियों की साइकिल से हो गई। इसके बाद बाइक सवार कांता प्रसाद उन लोगों से माफी माँगने लगे। हालाँकि, इस दौरान मुस्लिमों की भीड़ ने उन्हें घेर लिया।

पीड़ित कांता प्रसाद वर्मा का आरोप है कि गले में भगवान का लॉकेट, माथे पर टीका और कलाई में कलावा देखकर मुस्लिम हमलावर हो गए। आरोप है कि भीड़ में उपस्थित लोगों ने कहा ‘हिंदू है, जमकर पीटो।’ कांता लगातार माफी माँगते रहे, लेकिन मुस्लिमों ने उनके हिंदू होने के कारण उन्हें जम कर पीटा।

जिस समय मुस्लिमों की भीड़ उन्हें पीट रही थी, उस समय हाइवे पर वाहनों की लंबी लाइन लग गई थी। लेकिन, मुस्लिमों की भीड़ इतनी उग्र थी कि किसी ने भी उन्हें बचाने की कोशिश नहीं की। हालाँकि, जब बवाल अधिक बढ़ गया तब पुलिसकर्मी प्रभात कुमार बीच-बचाव के उद्देश्य से एक मुस्लिम युवक को लेकर वहाँ पहुँचे। जब उन्होंने भीड़ को शांत कराने की कोशिश की तो मुस्लिमों ने उनसे भी हाथापाई करनी शुरू कर दी। चूँकि, भीड़ ने पुलिस के साथ भी हाथापाई की थी और वहाँ पर लोगों की भीड़ भी अधिक हो चुकी थी, इसलिए वे लोग कांता प्रसाद को वहीं छोड़कर भाग गए।

इस मामले में मुस्लिम भीड़ के हमले का का शिकार हुए कांता प्रसाद का कहना है कि पुलिस के कहने पर उन्हें शिकायती पत्र बदलना पड़ा है। उनका आरोप है कि पुलिस द्वारा कहा गया था कि वह शिकायत पत्र में सांप्रदायिक द्वेष और पुलिसकर्मी के साथ हुई मारपीट का जिक्र न करें।

फिलहाल, इस मामले में जीशान, जाकिर व अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ धमकी देने व मारपीट करने के आरोप में एफआईआर दर्ज करते हुए दो आरोपितों को गिरफ्तार किया गया है। वहीं, शिकायती पत्र बदलवाने की बात पर सीओ गौरव सिंह का कहना है कि इस बारे में इंस्पेक्टर ही सटीक जवाब दे पाएँगे। गिरफ़्तारी की पुष्टि पुलिस ने भी की है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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