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वाह रे कॉन्ग्रेस शासित राजस्थान! शिक्षा मंत्री के लिए महिला स्टाफ मतलब ‘लड़ाई-झगड़ा’, सरकारी टीचर ‘लड़की’ बन लूटता है

राजस्थान के पाली के चंडावल में 30 वर्षीय सरकारी शिक्षक को लेकर 11 अक्टूबर को शिकायत दर्ज हुई कि वो लड़की बनकर लड़कों से दोस्ती करता था और बाद में उनका यौन उत्पीड़न करता था।

गोविंद सिंह डोटासरा राजस्थान के शिक्षा मंत्री हैं। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बेहद करीबी। अक्सर अजीब वजहों से सुर्खियों में रहते हैं। कभी ‘रिश्तेदारों की प्रतिभा’ इन्हें चर्चा में ला देती है तो कभी खुद के अजीबोगरीब बयान। वैसे राजस्थान के शिक्षा मंत्री ही नहीं, शिक्षक भी अक्सर गलत वजहों से ही चर्चा में रहते हैं। जैसे पाली के एक सरकारी शिक्षक ‘लड़की’ बन लोगों को फँसाने के आरोप में पकड़े गए हैं। कुछ दिन पहले ही जयपुर के सेंट जेवियर्स स्कूल के एनसीसी टीचर द्वारा छात्राओं को अश्लील मैसेज भेजने का मामला सामने आया था। कथित तौर पर इस टीचर को मुख्यमंत्री गहलोत सम्मानित भी कर चुके हैं।

बता दें कि राजस्थान के शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा ने 11 अक्टूबर को एक कार्यक्रम में महिलाओं के लिए आपत्तिजनक बयान दिया उन्होंने कहा “सरकार ने महिलाओं के लिए पॉलिसी पेश की है। उन्हें प्राथमिकता दी जाती है। लेकिन महिला कर्मचारियों का आपस में ही लड़ाई-झगड़ा रहता है है। जहाँ महिला कर्मचारी हैं, वहाँ के प्रधानाचार्य या शिक्षक ‘सेरिडोन’ लेते हैं। अगर वह इन चीजों पर काबू पा लेती हैं तो वो निश्चित ही पुरुषों से आगे निकल जाएँगी।”

वहीं 11 अक्टूबर को ही राज्य के पाली के चंडावल में 30 साल वर्षीय सरकारी शिक्षक को लेकर शिकायत दर्ज हुई कि वो लड़की बनकर लड़कों से दोस्ती करता था और बाद में उनका यौन उत्पीड़न करता था। पुलिस ने शिकायत मिलने के बाद आरोपित विकास बालोटिया को पकड़ लिया है। जाँच में पता चला है कि आरोपित जोधपुर जिले के शेरगढ़ क्षेत्र के सांई स्थित राजकीय स्कूल में टीचर है। उससे पूछताछ जारी है। उसने झांसा देकर 150 लोगों को फ्रेंड बनाया हुआ था और अश्लील बातों में फँसाकर संबंध बनाने के लिए दबाव डालता था।

इससे पहले जयपुर के सेंट जेवियर्स स्कूल की पूर्व छात्राओं को अश्लील मैसेज भेजने का मामला प्रकाश में आया था। बाद में शिक्षक निखिल जोस को स्कूल प्रबंधन ने सस्पेंड कर दिया गया था। उस पर आरोप था कि आरोपित शिक्षक छात्राओं को अश्लील मैसेज भेजता था और उन्हें होटल में शराब पार्टी के लिए बुलाता था। शुरुआत में लड़कियों ने इग्नोर किया, लेकिन आरोपित की अश्लीलता बढ़ी तो छात्राओं ने एकजुट होकर सोशल मीडिया पर कैम्पेन चला दिया और आरोपित पकड़ा गया।

गौरतलब है कि एक ओर गहलोत सरकार में शिक्षक जहाँ यौन शोषण जैसे आरोप में पकड़े गए हैं। वहीं शिक्षा मंत्री के दामन पर भी कुछ दाग हैं। वह सिर्फ महिलाओं के लिए आपत्तिजनक बयान नहीं देते बल्कि अपने रिश्तेदारों को RAS परीक्षा में घुसाने के लिए भी बदनाम हो चुके हैं। दरअसल  RAS 2018 के इंटरव्यू में डोटासरा की बहू के भाई-बहन को RAS इंटरव्यू में 80-80 नंबर मिले, जबकि दोनों ही लिखित परीक्षा में 50 फीसदी अंक भी प्राप्त नहीं कर सके। इसके अलावा RAS 2016 में चयनित डोटासरा की बहू प्रतिभा को भी इंटरव्यू में 80 नंबर ही मिले थे। वहीं डोटासरा के बेटे अविनाश को उस साल इंटरव्यू में 85 नंबर मिले थे। हालाँकि दोनों ही परीक्षाओं के टॉपर्स की बात करें तो RAS 2016 के टॉपर भवानी सिंह को इंटरव्यू में मात्र 70 नंबर, जबकि RAS 2018 की टॉपर मुक्ता राव को 77 नंबर मिले थे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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