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UP में काँवड़ यात्रा पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, केरल में बकरीद पर दी गई राहत वाली सुनवाई टली

उत्तर प्रदेश की योगी सरकार द्वारा कांवड़ यात्रा से जुड़ा जवाब पाकर सुप्रीम कोर्ट ने केस को बंद कर दिया। वहीं दूसरी ओर केरल सरकार से जवाब माँगा गया कि उन्होंने राज्य में कोरोना केस होने के बावजूद बकरीद पर राहत क्यों दी है।

सुप्रीम कोर्ट में आज (जुलाई 19, 2021) अलग-अलग समुदाय के त्योहारों से जुड़े दो अलग तरह के मामलों पर सुनवाई हुई। एक मामला उत्तर प्रदेश में कांवड़ यात्रा को लेकर था जिसपर सुप्रीम कोर्ट ने स्वंय संज्ञान लिया था, जबकि दूसरा मामला केरल सरकार द्वारा ईद के अवसर पर दी गई राहत के विरुद्ध था जिसपर हाल में याचिका दायर की गई थी।

इन दोनों मामलों पर आज कोर्ट ने सुनवाई की। इसके बाद जहाँ यूपी सरकार द्वारा कांवड़ यात्रा से जुड़ा जवाब पाकर कोर्ट ने केस को बंद कर दिया, वहीं दूसरी ओर केरल सरकार से जवाब माँगा गया कि उन्होंने राज्य में कोरोना केस होने के बावजूद बकरीद पर राहत क्यों दी है। 

समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार, उत्तर प्रदेश सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में दाखिल अपने जवाब में कहा कि इस साल कांवड़ यात्रा नहीं होगी। यूपी सरकार के वकील वैद्यनाथन ने कोर्ट में सुनवाई के दौरान कहा कि सभी कांवड़ संघ यात्रा स्थगित करने के लिए तैयार हैं। इसलिए इस साल यात्रा नहीं होगी। कोर्ट ने राज्य सरकार से ऐसा जवाब पाकर मामले को बंद कर दिया।

सर्वोच्च न्यायालय ने केस क्लोज करते हुए पुलिस सहित उत्तर प्रदेश के सभी स्तर के अधिकारियों को COVID-19 मानदंडों के किसी भी उल्लंघन या किसी भी यात्रा को निकालने का प्रयास करने और नागरिकों के जीवन के लिए खतरा पैदा करने वाली किसी भी कार्रवाई को रोकने के लिए तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

वहीं, केरल में ईद के मद्देनजर दायर की गई याचिका पर अपनी सुनवाई करते हुए कोर्ट ने इस संबंध में राज्य सरकार से जवाब माँगा। सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को केरल सरकार से बकरीद के मद्देनजर कोरोना प्रतिबंधों में 3 दिन की छूट देने के खिलाफ दायर आवेदन पर जवाब दाखिल करने को कहा।

याचिका में माँग की गई है कि केरल में कोरोना के मामलों में इजाफा हो रहा है, इस पर सुप्रीम कोर्ट संज्ञान ले। इस संबंध में सीनियर वकील विकास सिंह के अलावा एक और वकील राधाकृष्णन ने माँग की है कि जब तक 80 फीसदी आबादी का वैक्सीनेशन न हो जाए, तब तक ऐसे सामाजिक/धार्मिक आयोजनों की इजाजत नहीं होनी चाहिए।

वहीं मुख्य याचिकाकर्ता वकील विकास सिंह का कहना है कि केरल में इस वक्त देश के सबसे ज्यादा कोरोना केस हैं। यूपी में सिर्फ 59 केस है तो केरल में 13 हजार केस है। इस पर कोर्ट संज्ञान लेकर उचित आदेश पास करें। याचिका पर सुनवाई करते हुए केरल सरकार को इस पर विस्तृत जवाब देने को कहा गया है। कोर्ट ने सरकार से पूछा है कि आखिर क्यों बकरीद के चलते रियायत दी गई। ये जवाब केरल सरकार को आज ही देना होगा क्योंकि कल इस पर कोर्ट सुनवाई करेगा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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