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लड़कियों को गर्म सरिये से दागते थे असगर, मोहम्मद बादल और चाँदनी खातून: नाच-गाने के बहाने बुला कर महिलाओं का टॉर्चर, करवाते थे गलत काम

यहाँ पर पड़ोसी राज्यों की महिलाओं को नाच-गाने के बहाने लाया जाता था। बिहार के अन्य जिलों से भी लड़कियों को लाए जाने की बात बताई गई है। बाद में उन्हें टॉर्चर कर के उनसे गलत काम करवाए जाते थे।

बिहार के सीतामढ़ी जिले में पुलिस ने रेडलाइट एरिया में छापेमारी की है। इस\के दौरान 2 लड़कियों को जबरन देह व्यापार के धंधे से मुक्त करवाया गया है। पुलिस ने इस केस में 1 महिला और 2 पुरुषों को गिरफ्तार किया है। आरोपित महिला का नाम चाँदनी खातून और पुरुषों के नाम मोहम्मद बादल और मोहम्मद असगर हैं। ये दोनों आरोपित सगे भाई हैं। छापेमारी के दौरान इस धंधे में शामिल कई अन्य महिलाएं फरार हो गईं। यह कार्रवाई 27 नवम्बर 2021 (शनिवार) को हुई है।

रेडलाइट एरिया शहर से सटा हुआ था। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर इस कार्रवाई को अंजाम दिया। बताया जा रहा है कि यहाँ पर पड़ोसी राज्यों की महिलाओं को नाच-गाने के बहाने लाया जाता था। बिहार के अन्य जिलों से भी लड़कियों को लाए जाने की बात बताई गई है। बाद में उन्हें टॉर्चर कर के उनसे गलत काम करवाए जाते थे। पीड़िताओं में पड़ोसी देश नेपाल तक की लड़कियों का होना बताया जा रहा है। इस से पहले भी इसी जिले से बांग्लादेश की एक लड़की को मुक्त करवाया जा चुका है।

यह छापेमारी सीतामढ़ी पुलिस के SP हरकिशोर राय के निर्देश पर थाना नगर थाना और महिला थाना पुलिस ने मिल कर की थी। एक अन्य रिपोर्ट के अनुसार गलत काम से मना करने पर गरम सरिया से उनके शरीर को दागा जाता था। उन्हें लम्बे समय तक भूखा रखा जाता था। लड़कियों की खरीद-फरोख्त भी की जाती थी। ये काम मोहम्मद महफूज़ के बेटे बादल और असगर आरोपित चाँदनी खातून के साथ मिल कर करते थे। पुलिस ने कुछ दलालों को भी हिरासत में लिया है। उनसे पूछताछ चल रही है।

ऑपइंडिया ने इस मामले में स्थानीय नगर थाना SHO से बात की। उन्होंने बताया कि छापेमारी के दौरान 1 महिला को मुक्त करवाया गया है। साथ ही मामले की जाँच और आगे की कार्रवाई जारी है। इस पूरे मामले में अगर कोई अन्य शामिल मिला तो उस पर भी उचित एक्शन लिया जाएगा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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