Homeदेश-समाजउन्नाव केस से जुड़े सभी मामलों की सुनवाई दिल्ली में, कोर्ट में मौजूद रहें...

उन्नाव केस से जुड़े सभी मामलों की सुनवाई दिल्ली में, कोर्ट में मौजूद रहें CBI ऑफ़िसर: सुप्रीम कोर्ट

सड़क दुर्घटना से पहले उन्नाव दुष्कर्म पीड़िता और उसके परिवार की तरफ़ से मुख्य न्यायाधीश को सुप्रीम कोर्ट में चिट्ठी भेज कर अभियुक्तों द्वारा धमकी दिए जाने की शिक़ायत की गई थी।

उत्तर प्रदेश के उन्नाव ज़िले में बलात्कार मामले की सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फ़ैसला लेते हुए कहा कि इससे संबंधित सभी केस दिल्ली ट्रांसफर हो। इसके साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने यह भी कहा है कि इस मामले पर आज 12 बजे सुनवाई होगी। इस दौरान कोर्ट में CBI के ऑफ़िसर को उपस्थित रहने के लिए भी कहा गया है, जो इस बात की जानकारी देंगे कि इस मामले की जाँच में अब तक क्या हुआ है। बता दें कि इस मामले को ट्रांसफर करने की माँग पीड़िता की माँ ने की थी।

उत्‍तर प्रदेश के उन्‍नाव दुष्‍कर्म का मामला पिछले काफ़ी दिनों से सुर्ख़ियों में छाया हुआ है। इस मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट भी काफी गंभीर नज़र आ रहा है। दुष्कर्म पीड़िता और उसके परिवार की ओर से चीफ जस्टिस को भेजी गई चिट्ठी पर सुप्रीम कोर्ट ने संज्ञान लिया है। 17 जुलाई को प्राप्त हुई चिट्ठी को मुख्य न्यायाधीश के सामने पेश करने में हुई देरी पर कोर्ट ने सेक्रेटरी जनरल से इसका कारण बताने को कहा है।

दरअसल, सड़क दुर्घटना से पहले उन्नाव दुष्कर्म पीड़िता और उसके परिवार की तरफ़ से मुख्य न्यायाधीश को सुप्रीम कोर्ट में चिट्ठी भेज कर अभियुक्तों द्वारा धमकी दिए जाने की शिक़ायत की गई थी।

इस मामले में सीबीआई ने विधायक कुलदीप सिंह सेंगर सहित 10 लोगों के खिलाफ नामजद और 15-20 अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या, हत्या का प्रयास, आपराधिक साजिश की धाराओं में केस दर्ज किया है। रेप और पीड़िता के पिता की पिटाई का मामला सामने आने के बाद से सेंगर जेल में है।

पीड़िता के परिजनों ने कार ऐक्सीडेंट को साजिश बताते हुए मामले की सीबीआई जॉंच की मॉंग की थी। बताया जा रहा है कि पीड़िता और उसके परिजनों को सेंगर और उसके समर्थक लगातार धमकी दे रहे थे। जिस ट्रक ने कार में टक्कर मारी थी, उसके नंबर प्लेट पर कालिख पुती थी। ट्रक का मालिक एक सपा नेता का भाई है। सेंगर सपा में भी रह चुका है।

इस बीच, सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने पीड़िता का पत्र नहीं मिलने के मामले में रजिस्ट्रार से जवाब मॉंगा है। पीड़िता की मेडिकल रिपोर्ट भी तलब की गई है। गोगोई ने कहा है, “हम प्रयास करेंगे कि पीड़िता के लिए इस विध्वंसकारी माहौल में कुछ बेहतर किया जा सके।” गौरतलब है कि पीड़ित परिवार ने 12 जुलाई को चीफ जस्टिस को चिट्ठी लिखकर सेंगर से मिल रही धमकियों का जिक्र किया था।


Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

कहीं लहराई तलवारें, कहीं चाकू गोदकर ले ली जान तो कहीं AK-47 दिखा फैलाई दहशत: मुहर्रम पर कई राज्यों में इस्लामी कट्टरपंथियों ने की...

देश के अलग-अलग हिस्सों से मुहर्रम के दौरान विवाद, झड़प और हिंसा की कई घटनाएँ सामने आई हैं। कहीं युवक की हत्या की गई को कहीं पुलिस पर हमला।

लड़कियों को फँसाओ, निकाह से पहले प्रेग्नेंट करो और बच्चा ले लो… क्या है ‘जिहाद अल-अकबर’, जिसके जरिए हिंदू महिलाओं के धर्मांतरण की साजिश...

पाकिस्तान में बैठे कट्टरपंथी आकाओं ने 'जिहाद अल अकबर' से एक खास एजेंडा तैयार किया है। बड़े पैमाने पर हिंदू महिलाओं का धर्मांतरण करवाना है।
- विज्ञापन -