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शिवपुरी बाबा की समाधि को पहले हरे रंग से पोता, पढ़ी नमाज और अब मस्जिद निर्माणः बीजेपी MLA के दखल पर रुका काम

हिन्दुओं का कहना है वह जगह असल में शिवपुरी बाबा की समाधि है। लगभग तीन हफ्ते पहले इस निर्माण को सफ़ेद और हरे रंग से पेंट कर दिया गया था।

उत्तर प्रदेश के बिठूर विधानसभा क्षेत्र से भारतीय जनता पार्टी विधायक अभिजीत सिंह सांगा ने शनिवार (23 जनवरी 2021) को एक विवाद में दखल देते हुए मस्जिद का निर्माण कार्य रुकवाया, जिसमें स्थानीय पुलिस भी मदद कर रही थी। घटना की जानकारी मिलते ही भाजपा विधायक अपने समर्थकों के साथ घटनास्थल पर पहुँचे और निर्माण रोकने को कहा।

इस घटना पर सांगा का कहना था, “धर्मनगरी बिठूर में कुछ लोग मंदिर के स्थान पर मस्जिद बनाने का प्रयास कर रहे थे, स्थानीय पुलिस तक इसमें शामिल थी। इस मामले की जानकारी मिलते ही मैंने और वहाँ के आम लोगों ने मिल कर ग़ैरक़ानूनी निर्माण कार्य रुकवाया।” बिठूर विधायक ने मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी से बातचीत की। उन्होंने कहा कि यह थानाध्यक्ष (एसओ) की ज़िम्मेदारी थी कि वह विवाद से जुड़े दोनों पक्षों को बुलाते और दोनों के बीच समझौते के ज़रिए समस्या का हल निकालने की कोशिश करते।

वहीं एसओ का कहना था कि वह शीर्ष अधिकारियों के आदेश पर ऐसा कर रहा था। इस पर विधायक अभिजीत सिंह सांगा ने कहा कि वह अपने अधिकारिओं से बता सकता है। मौके पर विधायक पहुँच गए हैं और वह अवैध निर्माण की अनुमति नहीं दे रहे हैं। भाजपा विधायक सांगा के मुताबिक़ इस तरह के प्रयास सिर्फ सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने के लिए किए जाते हैं। 

अभिजीत सिंह सांगा का कहना था कि बिठूर क्षेत्र के एक भी मुस्लिम ने इस मुद्दे पर चिंता नहीं जताई थी। मुस्लिम समुदाय के कुछ लोगों ने उनसे मुलाक़ात की थी और कहा भी था कि विवादित जगह से जुड़ा जो फैसला भी लिया जाएगा वह उसका पालन करेंगे। हिन्दुओं का कहना है वह जगह असल में शिवपुरी बाबा की समाधि है। कई वीडियो में एसओ को यह कहते हुए भी सुना जा सकता है कि धमकी देने के लिए कुछ लोगों पर मामला दर्ज कर लिया गया है। 

ठीक इस जगह पर पहले भी सांप्रदायिक तनाव के हालात बन चुके हैं। लगभग तीन हफ्ते पहले इस निर्माण को सफ़ेद और हरे रंग से पेंट कर दिया गया था, इसके बाद दूसरे समूह के लोगों ने इस पर अलग रंग चढ़ा दिया। दैनिक जागरण की रिपोर्ट के मुताबिक़ 18 जनवरी को अज्ञात कुछ लोगों पर सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने और उस जगह पर नमाज़ पढ़ने के लिए मामला दर्ज किया गया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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