Homeराजनीति'द कश्मीर फाइल्स में डायरेक्टर ने सिर्फ लेक्चर दिया है': फिल्म देख छत्तीसगढ़ के...

‘द कश्मीर फाइल्स में डायरेक्टर ने सिर्फ लेक्चर दिया है’: फिल्म देख छत्तीसगढ़ के CM भूपेश बघेल ने कश्मीरी पंडितों के जख्मों पर रगड़ा नमक

"फिल्म के मध्य से डायरेक्टर ने लेक्चर भर दिया है। इसमें समस्याएँ ही बताई गई हैं। समाधान के नाम पर कुछ भी नहीं है। इस फिल्म में हिंसा दिखाई गई है। मेरा मन इस फिल्म को देख कर बोझिल हो गया। बच्चों पर इस फिल्म का गलत असर पड़ेगा।"

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने द कश्मीर फाइल्स (The Kashmir Files) फिल्म देखने के बाद भाजपा पर निशाना साधा है। उन्होंने फिल्म को आधा सच बताते हुए सरकार पर धारा 370 हटा कर राजनीति करने का आरोप लगाया है। बघेल ने फिल्म को 2024 की तैयारी बताते हुए बच्चों के मन पर बुरा असर डालने वाली स्टोरी बताया है। मुख्यमंत्री बघेल ने यह बयान 17 मार्च, 2022 (गुरुवार) को दिया है।

फिल्म देख कर लौटने के बाद मीडिया से बात करते हुए मुख्यमंत्री बघेल ने कहा, “इस देश में अब सेंसर बोर्ड का भी कोई महत्त्व नहीं रह गया। सरकार द्वारा धारा 370 हटा कर सिर्फ राजनीति की गई है। कश्मीरी पंडितों को रोकने या उनके पुनर्वास के लिए कुछ भी नहीं किया गया। पंडितों को बचाने के लिए सेना भेजे जाने पर एक पूर्व प्रधानमंत्री लोकसभा का घेराव करते हैं।” यद्दपि उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री का नाम नहीं बताया।

फिल्म के बारे में बोलते हुए बघेल ने कहा, “फिल्म के मध्य से डायरेक्टर ने लेक्चर भर दिया है। इसमें समस्याएँ ही बताई गई हैं। समाधान के नाम पर कुछ भी नहीं है। इस फिल्म में हिंसा दिखाई गई है। मेरा मन इस फिल्म को देख कर बोझिल हो गया। बच्चों पर इस फिल्म का गलत असर पड़ेगा। फिल्म के डायरेक्टर ने मुझसे इसे छत्तीसगढ़ में टैक्स फ्री करने की अपील की है लेकिन उन्होंने इसे प्रधानमंत्री से पूरे देश में टैक्स फ्री करने को क्यों नहीं कहा?”

मुख्यमंत्री बघेल के मुताबिक, “कश्मीर में सिर्फ मंदिर ही नहीं बल्कि मस्जिद भी तोड़ी गई है। हिन्दू, मुस्लिम, सिख, ईसाई सबकी हत्याएँ हुई हैं। आतंकवाद का कोई भी धर्म नहीं होता। धर्म की आड़ में हिंसा की राजनीति की जाती है। फिल्म का संदेश एकतरफा है। फिल्म के माध्यम से जो संदेश देने का प्रयास किया जा रहा है उसमें सफलता नहीं मिलने वाली। अगर इस फिल्म के बहाने 2024 की तैयारी की जा रही है तो ये देश को बहुत गलत दिशा में ले जाने की तैयारी है।”

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

12 वर्ष पहले गोरखनाथ पीठ के पीठाधीश्वर, फिर देश के सबसे बड़े सूबे के CM: जनता तक पहुँच और समस्याओं पर तत्काल प्रतिक्रिया –...

योगी आदित्यनाथ की गोरखनाथ पीठाधीश्वर से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री तक की यात्रा, विरासत को आगे बढ़ाने से लेकर विकसित होते UP की पूरी कहानी।

अखिलेश सरकार में हुए 62+ हत्याओं को याद करा रहा ‘न भूले थे, न भूले हैं, न भूलेंगे’ पोस्टर: मुजफ्फरनगर दंगों की बरसी पर...

मुजफ्फरनगर दंगों की बरसी पर उत्तर प्रदेश के कई शहरों में ‘न भूले थे, न भूले हैं, न भूलेंगे’ लिखे पोस्टर लगा गए हैं। इन पोस्टर्स ने 2013 की उस भयावह हिंसा की याद फिर ताजा कर दी है।
- विज्ञापन -