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कॉन्ग्रेस ने जयपुर सीट पर बदला उम्मीदवार, सुनील शर्मा की जगह प्रताप सिंह लड़ेंगे चुनाव: दक्षिणपंथी संगठन से जुड़ाव को लेकर शशि थरूर ने खोला था मोर्चा

जयपुर डायलॉग्स में पाँच डायरेक्टर- सुनील शर्मा, संजय दीक्षित, पंकज जोशी, सुनील कोठारी, विष्णु बिहानी हैं। रिकॉर्ड के अनुसार, सुनील शर्मा 13 सितंबर 2019 से संस्था के डायरेक्टर नियुक्त हुए थे। जयपुर डायलॉग्स के मंच पर एक कार्यक्रम के दौरान भी सुनील शर्मा ने यह स्वीकार किया था कि वे इस संस्था के डायरेक्टर हैं। अब वे दावा कर रहे हैं कि उन्होंने डायरेक्टरशिप काफी पहले छोड़ दिया था।

जयपुर डायलॉग्स संग जुड़ाव को लेकर उपजे विवाद के बाद कॉन्ग्रेस ने जयपुर लोकसभा सीट से अपने प्रत्याशी को बदल दिया है। पार्टी ने सुनील शर्मा की जगह अब प्रताप सिंह खाचरियावास को अपना उम्मीदवार बनाया है। वहीं, सुनील शर्मा ने मीडिया से कहा कि अगर उनकी वजह से कॉन्ग्रेस को लगता है कि एक भी वोट का नुकसान हो रहा है तो वे पीछे हटने के लिए तैयार हैं।

दरअसल, रविवार (24 मार्च 2024) को कॉन्ग्रेस ने तीन उम्मीदवारों वाली अपनी पाँचवीं लिस्ट जारी की। इस लिस्ट में महाराष्ट्र के चंद्रपुर और राजस्थान के दौसा के साथ-साथ जयपुर लोकसभा सीट का भी नाम है। इस सीट पर पहले पार्टी ने सुनील शर्मा को उम्मीदवार बनाया था। हालाँकि, नई सूची में कॉन्ग्रेस ने प्रताप सिंह खाचरियवास को उम्मीदवार बनाया है।

शर्मा को उम्मीदवार बनाए जाने पर कॉन्ग्रेस के वरिष्‍ठ नेता शशि थरूर भी भड़क गए थे। उन्होंने कहा था कि दक्षिणपंथी विचारधारा वाले संगठन जयपुर डायलॉग्स से जुड़ाव है। जयपुर डायलॉग का एक ट्वीट शेयर करते हुए थरूर ने X पर कहा था, “24 अकबर तक जाने वाली सड़क पर चलते वक्त उनमें दिव्य बदलाव हो गया होगा। ये उस वक्त का उनका एक ट्वीट है जब उन्होंने मुझ पर हमला किया थ।”

शशि थरूर ने जनवरी 2021 का ‘द जयपुर डायलॉग्स’ का किए गए एक ट्वीट को भी पोस्ट किया है। इस पोस्ट में लिखा गया है, “शशि थरूर राहुल गाँधी ही तो हैं, बस उन्होंने लाइब्रेरी से बाहर जाते हुए एक शब्दकोश चुरा लिया था।” आरोप है कि सुनील शर्मा का लिंक जयपुर डायलॉग्स फोरम के डायरेक्टर से संबंध हैं।

हालाँकि, शर्मा ने अब इस पर सफाई दी है। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपनी उम्मीदवारी छोड़ने की पेशकश करने के लिए कॉन्ग्रेस आलाकमान को पत्र भी लिखा था। उन्होंने कहा कि आज पार्टी के बाहर और अंदर षड्यंत्रकारी लोग हैं। पार्टी को ऐसे लोगों से बचना चाहिए। दरअसल, दक्षिणपंथी संस्थान से जुड़ाव का पता चलने पर कॉन्ग्रेस नेता उम्मीदवार बदलने की माँग कर रहे थे।

जयपुर डायलॉग में निदेशक पद को लेकर सोशल मीडिया में उठ रहे सवालों पर सुनील शर्मा ने कहा था, “जिस जयपुर डायलॉग फोरम (इसका यूट्यूब के स्वामित्व से कोई लेना-देना नहीं है) की डायरेक्टरशिप के बारे में लोग अफवाह उड़ा रहे हैं, उससे मैं काफी अरसे पहले ही अलग हो चुका हूँ।” हालाँकि, मीडिया रिपोर्ट में कहा जा रहा है कि संस्था के पाँच निदेशकों में वे भी शामिल हैं।

जयपुर डायलॉग्स में पाँच डायरेक्टर- सुनील शर्मा, संजय दीक्षित, पंकज जोशी, सुनील कोठारी, विष्णु बिहानी हैं। रिकॉर्ड के अनुसार, सुनील शर्मा 13 सितंबर 2019 से संस्था के डायरेक्टर नियुक्त हुए थे। जयपुर डायलॉग्स के मंच पर एक कार्यक्रम के दौरान भी सुनील शर्मा ने यह स्वीकार किया था कि वे इस संस्था के डायरेक्टर हैं। अब वे दावा कर रहे हैं कि उन्होंने डायरेक्टरशिप काफी पहले छोड़ दिया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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