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कन्हैया लाल तेली का सिर कलम किए जाने पर केंद्रीय गृह मंत्रालय सख्त, NIA को सौपी जाँच: अंतरराष्ट्रीय लिंक की होगी छानबीन, पूरे राजस्थान में धारा-144

MHA ने हत्या वाले दिन ही NIA की टीम को घटनास्थल के लिए रवाना कर दिया था। इससे पहले राजस्थान की सरकार ने भी इस घटना की जाँच के लिए SIT का गठन किया था।

राजस्थान के उदयपुर में कन्हैया लाल तेली का सिर कलम कर हत्या किए जाने की घटना की जाँच केंद्रीय गृह मंत्रालय ने NIA (राष्ट्रीय जाँच एजेंसी) को सौंप दिया है। HMO ने इसे क्रूर हत्या करार देते हुए कहा कि इस घटना में किसी भी संगठन या अंतरराष्ट्रीय तार की मौजूदगी की पूर्णरूपेण जाँच की जाएगी। NIA की टीम घटनास्थल पर पहुँच भी चुकी है और उसने छानबीन शुरू कर दी है। जिहादियों ने धान मंडी स्थित कन्हैया लाल तेली की दुकान में घुस कर उनका सिर कलम कर दिया था।

बुधवार (29 जून, 2022) की सुबह केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गृह सचिव के साथ एक आपात बैठक की, जिसके बाद ये निर्णय लिया गया। MHA ने हत्या वाले दिन ही NIA की टीम को घटनास्थल के लिए रवाना कर दिया था। इससे पहले राजस्थान की सरकार ने भी इस घटना की जाँच के लिए SIT का गठन किया था। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का कहना है कि ये कोई साधारण मामला नहीं है। नूपुर शर्मा का समर्थन करने पर जिहादियों ने इस घटना को अंजाम दिया।

उधर अब उदयपुर में कन्हैया लाल के अंतिम संस्कार की तैयारी चल रही है, जिसके लिए भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है। एक महीने के लिए पूरे प्रदेश में धारा-144 लागू कर दी गई है। हालाँकि, भाजपा ने बंद भी बुलाया है। पोस्टमॉर्टम के बाद कन्हैया लाल तेली का पार्थिव शरीर परिजनों के हवाले कर दिया गया है। दोनों हत्यारों गौस मोहम्मद और रियाज जब्बार से SIT ने उदयपुर पहुँच कर पूछताछ भी की है।

राजस्थान में नेता प्रतिपक्ष गुलाबचंद कटारिया ने भी उदयपुर पहुँच कर कन्हैया लाल के परिजनों से मुलाकात की है। उन्होंने राज्य सरकार के ख़ुफ़िया तंत्र को विफल बताते हुए कहा कि अपराधियों में कानून का कोई भय ही नहीं है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जोधपुर दौरे को बीच में काट कर राजधानी जयपुर में अधिकारियों के साथ राज्य की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के लिए बैठक बुलाई है। प्रशासन ने मृतक के परिजनों को 31 लाख रुपए और एक सरकारी नौकरी का आश्वासन दिया है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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