Homeदेश-समाज'एक खास समुदाय को खुश करने के लिए मेरे पति को जेल में रखा...

‘एक खास समुदाय को खुश करने के लिए मेरे पति को जेल में रखा है’: MLA राजा सिंह की पत्नी पहुँचीं हाईकोर्ट, त्वरित सुनवाई की माँग

विधायक राजा सिंह की पत्नी ने कहा है कि उनके पति को सिर्फ इसीलिए जेल में रखा गया है, ताकि एक खास समुदाय को संतुष्ट किया जा सके।

भाजपा के निलंबित नेता और तेलंगाना के हैदराबाद स्थित गोशमहल के विधायक राजा सिंह की हिरासत के खिलाफ उनकी पत्नी उच्च-न्यायालय पहुँची हैं। उन्हें हैदराबाद पुलिस द्वारा ‘प्रिवेंटिव डिटेंशन एक्ट (PD Act)’ के तहत हिरासत में रखा गया है। उन्हें पैगंबर मुहम्मद पर टिप्पणी के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। साथ ही इस मामले में त्वरित सुनवाई की माँग भी की गई है। हाईकोर्ट ने याचिका को स्वीकार कर लिया है और जल्द ही इस पर सुनवाई होने की उम्मीद है।

विधायक राजा सिंह की पत्नी ने कहा है कि उनके पति को सिर्फ इसीलिए जेल में रखा गया है, ताकि एक खास समुदाय को संतुष्ट किया जा सके। उन्होंने कहा कि सिर्फ एक खास समुदाय के तुष्टिकरण के लिए ये किया गया है और इसका अन्य कोई कारण नहीं है। राजा सिंह को 25 अगस्त, 2022 को चेरलापल्ली जेल में डाल दिया गया था। पुलिस का कहना है कि राजा सिंह के खिलाफ 101 आपराधिक मामले दर्ज हैं और उन पर सांप्रदायिक तनाव के भी 18 FIR दर्ज हैं।

हैदराबाद के पुलिस कमिश्नर के आदेश पर राजा सिंह को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने दावा किया है कि वो आदतन भड़काऊ और उत्तेजक भाषण देने के आरोपित हैं, जिससे तेलंगाना और हैदराबाद के ‘शांतिपूर्ण माहौल’ में दो समुदायों के बीच संघर्ष का ख़तरा बना रहता है। पुलिस ने उन पर पैगंबर मुहम्मद और उनके जीवन के खिलाफ ‘काफी ईशनिंदा वाला बयान’ देने के आरोप भी लगाए हैं। इससे पहले 23 अगस्त को उन्हें हिरासत में लिया गया था, लेकिन फिर अदालत के आदेश के बाद रिहा कर दिया गया था।

दबीरपुरा पुलिस थाने में उनके खिलाफ कई धाराओं में FIR दर्ज की गई है। भाजपा ने कहा था कि उनका बयान पार्टी लाइन के विरुद्ध था। राजा सिंह ने YouTube पर एक वीडियो जारी किया था, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई की। PD एक्ट के तहत पुलिस को किसी व्यक्ति को सिर्फ इसीलिए हिरासत में रखने का अधिकार मिल जाता है, क्योंकि उससे कानून-व्यवस्था को खतरा होने की आशंका रहती है, भले ही उसने कोई अपराध किया हो या नहीं।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

12 वर्ष पहले गोरखनाथ पीठ के पीठाधीश्वर, फिर देश के सबसे बड़े सूबे के CM: जनता तक पहुँच और समस्याओं पर तत्काल प्रतिक्रिया –...

योगी आदित्यनाथ की गोरखनाथ पीठाधीश्वर से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री तक की यात्रा, विरासत को आगे बढ़ाने से लेकर विकसित होते UP की पूरी कहानी।

अखिलेश सरकार में हुए 62+ हत्याओं को याद करा रहा ‘न भूले थे, न भूले हैं, न भूलेंगे’ पोस्टर: मुजफ्फरनगर दंगों की बरसी पर...

मुजफ्फरनगर दंगों की बरसी पर उत्तर प्रदेश के कई शहरों में ‘न भूले थे, न भूले हैं, न भूलेंगे’ लिखे पोस्टर लगा गए हैं। इन पोस्टर्स ने 2013 की उस भयावह हिंसा की याद फिर ताजा कर दी है।
- विज्ञापन -