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कॉन्ग्रेस प्रत्याशी को रामलीला के मंच से वोट माँगना पड़ा महँगा, आचार संहिता के उल्लंघन में FIR दर्ज

आचार संहिता के लिए एमसीसी की टीमें प्रत्याशियों की निगरानी कर रही हैं। इसके साथ ही कैंट सीट पर उपचुनाव लड़ रहे 13 प्रत्याशियों में से अब तक किसी ने भी खर्च का ब्योरा नहीं दिया है। अधिकतर के रजिस्टरों में खामियाँ हैं। कॉन्ग्रेस प्रत्याशी का रजिस्टर भी अधूरा है।

कॉन्ग्रेस प्रत्याशी दिलप्रीत सिंह को लखनऊ कैंट विधानसभा सीट पर उपचुनाव में प्रचार करते हुए आचार संहिता के उल्लंघन का आरोपित पाया गया है। दिलप्रीत सिंह के खिलाफ आलमबाग रेलवे स्टेशन में में एफआईआर दर्ज कराई गई है और आगे की जाँच की जा रही है।

कैंट विधानसभा सीट पर उपचुनाव में आचार संहिता के उल्लंघन का यह पहला मामला है। आरोप है कि कॉन्ग्रेस प्रत्याशी ने आलमबाग में रामलीला के दौरान मंच से अपने लिए वोट माँगे। दिलप्रीत सिंह ने 6 अक्टूबर को आलमबाग रेलवे कॉलोनी में आयोजित रामलीला में एक भाषण में लोगों को संबोधित करते हुए राज्य में आगामी उप-चुनावों में उन्हें और उनकी पार्टी को वोट देने की अपील की। 

अपर जिलाधिकारी संतोष कुमार वैश्य का कहना है कि आचार संहिता के लिए एमसीसी की टीमें प्रत्याशियों की निगरानी कर रही हैं। इसके साथ ही कैंट सीट पर उपचुनाव लड़ रहे 13 प्रत्याशियों में से अब तक किसी ने भी खर्च का ब्योरा नहीं दिया है। अधिकतर के रजिस्टरों में खामियाँ हैं। कॉन्ग्रेस प्रत्याशी का रजिस्टर भी अधूरा है। प्रशासन ने सभी प्रत्याशियों को नोटिस जारी किया है। बता दें कि लखनऊ कैंट सीट के लिए उपचुनाव 21 अक्टूबर को होने वाले हैं और इसके परिणाम 24 अक्टूबर को घोषित किए जाएँगे।

प्राय: ऐसा देखा गया है कि भाजपा प्रत्याशी या नेता ईश्वर के दरबार में माथा टेककर वोट माँगने जाते हैं। ये शायद ऐसा पहला मामला है, जब कॉन्ग्रेस प्रत्याशी भगवान के दरबार में वोट माँगने गया और रामलीला के दौरान आयोजित सभा में वोट माँगकर बुरी तरह से मुसीबतों में घिर गया। उसने भगवान के दरबार में वोट माँगते हुए आचार संहिता का उल्लंघन कर दिया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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