Homeराजनीतिगुर्जर आंदोलनः NH-3 पर आगजनी, पत्थरबाज़ी और बढ़ा तनाव

गुर्जर आंदोलनः NH-3 पर आगजनी, पत्थरबाज़ी और बढ़ा तनाव

गुर्जर समाज अब सरकारी नौकरियों और शिक्षण संस्थानों में 5% आरक्षण की माँग कर रहा है। गुर्जर, रायका रेबारी, गडिया, लुहार, बंजारा और गडरिया समाज के लोगों को आरक्षण की माँग की जा रही है।

राजस्थान के धौलपुर में आरक्षण की माँग को लेकर गुर्जर समुदाय के लोगों ने आज तीसरे दिन भी अपना आंदोलन जारी रखा। सवाई माधोपुर के मलारना डूंगर में प्रदर्शनकारी अपनी माँग को लेकर रेल पटरियों पर बैठे हुए हैं। दूसरी ओर NH-3 पर आंदोलनकारियों ने ज़बरदस्त हंगामा किया है, जिससे हिंसा भड़क गई है और इलाके में ज़बरदस्त तनाव बना हुआ है।

बताया जा रहा है कि इस दौरान पुलिस पर पत्थर भी फेंके गए हैं, जिसके जवाब में भीड़ पर क़ाबू पाने के लिए पुलिस को हवाई फायरिंग करनी पड़ी है। मामले को क़ाबू में रखने के लिए भारी मात्रा में पुलिस सुरक्षा बलों को तैनात किया गया है।

राजस्थान सरकार ने भेजा मंत्री, नहीं बन रही बात

राजस्थान सरकार ने आंदोलन को शांत करवाने के लिए गुर्जर समुदाय के पास अपने मंत्री को भी भेजा था, लेकिन फ़िलहाल कोई बात बनती नज़र नहीं आ रही है। आंदोलन के चलते कई ट्रेनों की आवाजाही रद्द करनी पड़ी है, जिससे लोगों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। गुर्जर दिल्ली-मुंबई रेल मार्ग पर पटरियों पर बैठे हैं। बता दें कि आरक्षण की माँग को लेकर गुर्जरों का ये 5वाँ, आंदोलन है।

राजनीतिक लाभ का नतीजा आ रहा सामने

बता दें कि, राजस्थान विधानसभा चुनाव से पहले कॉन्ग्रेस पार्टी ने गुर्जरों से आरक्षण का वादा किया था। ऐसे में आरक्षण के लोभ से गुर्जर समाज के लोगों ने कॉन्ग्रेस के पक्ष में मतदान किया। यही वजह है कि प्रदेश में कॉन्ग्रेस की सरकार बनने के बाद गुर्जर आरक्षण की माँग को लेकर उग्र हो गए हैं।

गुर्जर समाज अब सरकारी नौकरियों और शिक्षण संस्थानों में 5% आरक्षण की माँग कर रहा है। गुर्जर, रायका रेबारी, गडिया, लुहार, बंजारा और गडरिया समाज के लोगों को आरक्षण की माँग की जा रही है। फ़िलहाल आरक्षण की 50% कानूनी सीमा में गुर्जरों को अति पिछड़ा श्रेणी में 1% आरक्षण अलग से मिल रहा है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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