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पाकिस्तान ने जिस Joyland को ऑस्कर में भेजा, उसे ही किया बैन: ट्रांसजेंडर महिला की लव स्टोरी से भड़के हुए थे कट्टरपंथी

"शर्मनाक है कि 6 साल में 200 पाकिस्तानियों द्वारा बनाई गई एक पाकिस्तानी फिल्म, जिसे टोरंटो से काहिरा से लेकर कान्स तक स्टैंडिंग ओवेशन मिला, उसे अपने ही देश में रोका जा रहा है।"

पाकिस्‍तान (Pakistan) ने इस साल ‘जॉयलैंड’ (Joyland) फिल्म को आध‍िकारिक तौर पर ऑस्कर के लिए भेजा, लेकिन अब उसने इस फिल्‍म को अपने ही मुल्क में बैन कर दिया है। दरअसल, पाकिस्तानी अधिकारियों ने 11 नवंबर को फिल्ममेकर सैम सादिक (Saim Sadiq) की फिल्म ‘जॉयलैंड’ को बैन कर दिया। पाकिस्तान के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने अपनी अधिसूचना में कहा है कि इसमें ‘हद से ज्‍यादा आपत्तिजनक कंटेंट’ दिखाया गया है।

जॉयलैंड फिल्म पर प्रतिबंध लगाने के लिए पाकिस्तानी अधिकारियों द्वारा जारी अधिसूचना का स्क्रीनशॉट।

बताया जा रहा है कि ‘जॉयलैंड’ (Joyland) फिल्म को 17 अगस्त, 2022 को सरकार ने स्क्रीनिंग, यानी सिनेमाघरों में रिलीज करने के लिए सर्टिफिकेट जारी कर किया था। यह 2023 ऑस्कर के लिए पाकिस्तान की ओर से आधिकारिक तौर पर भेजी गई थी। यही नहीं, दिलचस्प बात तो यह है कि इस फिल्म को कई फेस्‍ट‍िवल्‍स में खूब सराहना भी मिली है, लेकिन अब इसके कंटेट पर आपत्त‍ि जताई जा रही है। पिछले दिनों फिल्‍म के तथाकथित आपत्तिजनक कंटेट को लेकर कुछ लोगों ने विरोध किया था। ऐसे में जनता की चिंताओं को ध्यान में रखते हुए पाकिस्तान (Pakistan) के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने फिल्म पर बैन लगाने का ऐलान किया।

मंत्रालय ने शुक्रवार 11 नवंबर, 2022 को अपनी अधिसूचना में कहा, “हमें लिखित रूप से कई शिकायतें मिली हैं। फिल्म में हद से ज़्यादा आपत्तिजनक चीजें दिखाई गई हैं। यह हमारे समाज के मूल्यों और नैतिक मानकों के अनुसार नहीं है और स्पष्ट रूप से यह मोशन पिक्चर अध्यादेश, 1979 की धारा 9 के तहत ‘शालीनता और नैतिकता’ के मानदंडों के खिलाफ है।”

यह फिल्म पाकिस्तान में 18 नवंबर को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली थी। फिल्म की कहानी एक पितृसत्तात्मक परिवार के इर्द-गिर्द घूमती है, जिसे अपना वंश बढ़ाने के लिए बेटा चाहिए। इस बीच परिवार का सबसे छोटा बेटा, जो कहानी का हीरो भी है, वो सबसे छिप कर एक इरॉटिक थिएटर ग्रुप जॉइन करता है। इस दौरान वह एक ट्रांसजेंडर महिला के प्यार में पड़ जाता है। पाकिस्‍तान में कट्टरपंथ‍ियों ने फिल्म को इस्लाम विरोधी करार दिया है।

उन्हें इस फिल्‍म में एक लड़के का ट्रांसजेंडर के प्‍यार में पड़ना काफी बुरा लग रहा है। वो इसे ‘इस्लाम के खिलाफ’ बताते हुए फिल्म की आलोचना कर रहे हैं। पाकिस्तान सीनेट में कट्टरपंथी ‘जमात-ए-इस्लामी’ के एकमात्र सीनेटर मुश्ताक अहमद खान ने ट्वीट किया, “पाकिस्तान एक इस्लामी देश है। किसी भी कानून, विचारधारा या गतिविधि को इस्लाम के खिलाफ जाने की अनुमति नहीं दी जा सकती है।”

सीनेटर मुश्ताक अहमद खान ने जॉयलैंड पर प्रतिबंध का समर्थन किया। (फोटो साभार: मुश्ताक का ट्विटर)

सीनेटर मुश्ताक अहमद खान के अलावा सोशल मीडिया पर कई एक्टर्स और यूजर्स ने फिल्‍म पर बैन लगाए जाने की आलोचना की है। एक ट्विटर थ्रेड में एक्‍ट्रेस सरवत गिलानी ने पाकिस्तानी अधिकारियों की खिंचाई भी की है।

उन्होंने लिखा है, “शर्मनाक है कि 6 साल में 200 पाकिस्तानियों द्वारा बनाई गई एक पाकिस्तानी फिल्म, जिसे टोरंटो से काहिरा से लेकर कान्स तक स्टैंडिंग ओवेशन मिला, उसे अपने ही देश में रोका जा रहा है। हमारे लोगों से गर्व और खुशी के इस क्षण को मत छीनो। इसे देखने के लिए कोई किसी से जबरदस्ती नहीं कर रहा है! इसलिए किसी को भी इसे न देखने के लिए मजबूर न करें। पाकिस्तानी दर्शक इतने समझदार हैं, उन्हें पता है कि वे क्या देखना चाहते हैं और क्या नहीं। पाकिस्तानियों को फैसला करने दीजिए। उनकी बुद्धि और हमारी मेहनत का अपमान मत कीजिए।”

बता दें कि ‘जॉयलैंड’ फिल्म में सानिया सईद, अली जुनेजो, अलीना खान, सरवत गिलानी, रस्ती फारूक, सलमान पीरजादा और सोहेल समीर मुख्य भूमिकाओं में हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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