Homeरिपोर्टअंतरराष्ट्रीयपाकिस्तान के कॉलेजों में भारतीय गानों पर नहीं होगा डांस, 'अनैतिक-अश्लील' बता पंजाब में...

पाकिस्तान के कॉलेजों में भारतीय गानों पर नहीं होगा डांस, ‘अनैतिक-अश्लील’ बता पंजाब में जारी किया फरमान: होली खेलने पर छात्रों की एंट्री यूनिवर्सिटी ने कर थी बंद

पंजाब के शिक्षा निदेशक सैयद अंसार अजहर द्वारा जारी सभी निर्देश में साफ तौर पर कहा गया है कि कई मामले आए हैं जब छात्रों को प्राइवेट में और पब्लिकली भी भारतीय गानों पर डांस करते देखा गया। ऐसे में निर्देश दिए जाते हैं कि शैक्षणिक संस्थानों में ऐसी हरकतें न की जाएँ। अगर ऐसी गतिविधियाएँ होती हैं तो सख्त कार्रवाई की जाए।

पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के शैक्षणिक संस्थानों में भारतीय गानों पर डांस करने पर प्रतिबंध लग गया। यह आदेश पंजाब उच्च शिक्षा आयोग ने सरकारी और प्राइवेट दोनों तरह के कॉलेजों के लिए लागू किया। सर्कुलर में कहा गया कि कॉलेजों में ‘अनैतिक और अश्लील’ गतिविधियों को रोकने के लिए ऐसा आदेश जारी किया जा रहा है।

पंजाब के शिक्षा निदेशक सैयद अंसार अजहर द्वारा जारी सभी निर्देश में साफ तौर पर कहा गया है कि कई मामले आए हैं जब छात्रों को प्राइवेट में और पब्लिकली भी भारतीय गानों पर डांस करते देखा गया। ऐसे में निर्देश दिए जाते हैं कि शैक्षणिक संस्थानों में ऐसी हरकतें न की जाएँ। अगर ऐसी गतिविधियाएँ होती हैं तो सख्त कार्रवाई की जाए।

बता दें कि पहला मामला नहीं है जब होली के मौके पर पाकिस्तान के कॉलेजों में ऐसे प्रतिबंध लगाए गए हों…। पाकिस्तान के कराची स्थित दाऊद यूनिवर्सिटी ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी ने हाल ही में अपने हिंदू छात्रों को होली मनाने के लिए एक शो-कॉज नोटिस जारी किया था।

इसके अलावा कैद-ए-आजम यूनिवर्सिटी ने भी छात्रों को परिसर में होली खेलने से मना किया था और कहा था कि होली का उत्सव देश की इस्लामी पहचान को कमजोर करता है। लाहौर की पंजाब यूनिवर्सिटी में 30 हिंदू छात्रों को होली मनाने से रोकने का काम हुआ। इस घटना में करीबन 15 छात्र घायल हो गए थे।

मालूम हो कि पाकिस्तान में हर साल हिंदू पर्व आने पर इस तरह के प्रतिबंध सुनाई पड़ते हैं। पाकिस्तान का उच्च शिक्षा आयोग मानता है कि होली जैसे समारोह आयोजित होने से देश के सामाजिक-सांस्कृतिक मूल्यों पर असर पड़ेगा। इससे देश की इस्लामी पहचान को नुकसान पहुँच सकता है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘मेविस्तान’ बनाने का सपना, अलवर-भरतपुर में हिंसा और फिर गाँधी-नेहरू का हस्तक्षेप: जानिए मेवात के उस इतिहास की पूरी कहानी, जिसने बदल दिया इलाके...

मेविस्तान की माँग, 1933 का गोविंदगढ़ संघर्ष, 1947 का अलवर-भरतपुर घटनाक्रम और गाँधी-नेहरू के हस्तक्षेप से जुड़ी मेवात की पूरी कहानी जानिए।

59 करोड़ अकाउंट्स, लाखों करोड़ की कैपिटल और आखिरी व्यक्ति तक पहुँचता बैंकिंग सिस्टम… फिर क्यों जनधन योजना से सुभाष गर्ग को लगी मिर्ची?

सुभाष गर्ग ने जनधन योजना के 59 करोड़ खातों पर सवाल उठाए, जानिए जीरो बैलेंस, इनएक्टिव अकाउंट्स और DBT से जुड़ी पूरी कहानी।
- विज्ञापन -