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‘स्विमिंग पूल में नग्न नहा सकती हैं महिलाएँ’: बेटे के साथ टॉपलेस होकर धूप सेंक रही थी महिला, हटाया तो बदलवा दिया जर्मनी का कानून

हनोवर राज्य की राजधानी लोअर सैक्सोनी ने भी साल 2022 के अंत में अपने स्नान नियमों को बदल दिया था। इसके तहत अब सार्वजनिक स्नानघर में अब केवल 'प्राथमिक यौन अंगों' को ही ढँकने की जरूरत होगी।

जर्मनी की राजधानी बर्लिन के सार्वजनिक स्वीमिंग पूलों में अब सभी लोग नंगे होकर नहा सकेंगे। बर्लिन के अधिकारियों ने इसकी इजाजत दे दी है। यह फैसला एक महिला द्वारा की गई कानूनी कार्रवाई के बाद लिया गया है। दरअसल, महिला सार्वजनिक पूल के किनारे टॉपलेस होकर धूप सेंक रही थी। इस दौरान उसे वहाँ से हटा दिया गया था।

इस कार्रवाई के बाद महिला ने सीनेट के लोकपाल कार्यालय में अपनी शिकायत दर्ज कराई और कहा कि यह समानता का व्यवहार नहीं है। उसने कहा कि महिलाओं को भी टॉपलेस होने की अनुमति दी जानी चाहिए। अधिकारियों ने इसे भेदभाव माना और कहा कि बर्लिन की पूल में आने वाले सभी लोग टॉपलेस होने के हकदार हैं।

फैसला आने के बाद शहर में सार्वजनिक पूल चलाने वाले बर्लिनर बैडरबेट्रीबे ने कपड़ों से संबंधित अपने नियमों को बदल दिया। सीनेट के लोकपाल कार्यालय की प्रमुख डोरिस लीब्स्चर ने एजेंसी द्वारा कपड़ों में बदलाव करने का स्वागत किया और कहा कि इससे महिला हो या पुरुष, सबमें समानता का अधिकार स्थापित होगा।

दरअसल, यह मुकदमा फ्रांस की एक महिला गैब्रियल लेब्रेटन ने साल 2022 में दायर की थी। यह महिला पिछले एक दशक से बर्लिन में रहती है। अपने मुकदमे में लेब्रेटन ने कहा था कि ट्रेप्टो-कोपनिक जिले के प्लांशे पूल में सुरक्षा गार्डों ने उन्हें अपने अंगों को कवर करने कहकर उनके साथ भेदभाव किया था।

जब लेब्रेटन को पूल छोड़ने के लिए कहा गया था, तब उनके साथ उनका 5 साल का बेटा भी था। उन्होंने बताया कि केवल स्विमिंग बॉटम पहनने के बावजूद कई पुरुषों को नग्न नहीं माना गया, लेकिन पुलिस बुलाकर उन्हें परिसर से बाहर निकाल दिया गया।

बता दें कि जर्मनी में स्त्री या हो पुरुष, सबकी नग्नता को लेकर बेहद उदार भाव है। साल 2022 में देश के कई शहरों ने सार्वजनिक पूलों में टॉपलेस तैराकी की शुरुआत की थी। इनमें नॉर्थ राइन-वेस्टफेलिया का सिएजेन और लोअर सैक्सनी के गॉटिंगेन शहर शामिल हैं।

हनोवर राज्य की राजधानी लोअर सैक्सोनी ने भी साल 2022 के अंत में अपने स्नान नियमों को बदल दिया था। इसके तहत अब सार्वजनिक स्नानघर में अब केवल ‘प्राथमिक यौन अंगों’ को ही ढँकने की जरूरत होगी।

फ्री बॉडी कल्चर (Free Body Culture) को बढ़ावा देने वाली एक जर्मन एसोसिएशन के अनुसार, जर्मनी में 130 से अधिक नैचुरिस्ट क्लब हैं। सार्वजनिक नग्नता की माँग दुनिया में उस वक्त ध्यान में आई, जब साल 2020 में जब नंगे लोग एक जंगली सूअर के पीछे भागते नजर आए। बर्लिन में एक व्यक्ति नग्न होकर धूप सेंक रहा था, तभी उसका लैपटॉप एक जंगली सूअर लेकर भागने लगा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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