Monday, March 8, 2021
Home देश-समाज मस्जिद पर भगवा ध्वज: राणा अयूब ने गिरफ़्तारी के डर से डिलीट किया वीडियो,...

मस्जिद पर भगवा ध्वज: राणा अयूब ने गिरफ़्तारी के डर से डिलीट किया वीडियो, फिर से किया ट्वीट

आम तौर पर एक जिम्मेदार पत्रकार ऐसे वीडियो आदि के सही होने पर भी शेयर नहीं करते क्योंकि हिंसा भड़कने के आसार होते हैं। लेकिन राणा अयूब से ऐसी उम्मीद मूर्खता है।

ख़ुद को पत्रकार बताने वाली राणा अयूब ने एक वीडियो शेयर कर के दिल्ली में चल रही हिंसा रूपी आग में प्रपंची घी डालने का प्रयास किया। आम तौर पर एक जिम्मेदार पत्रकार ऐसे वीडियो आदि के सही होने पर भी शेयर नहीं करते क्योंकि हिंसा भड़कने के आसार होते हैं। लेकिन राणा अयूब से ऐसी उम्मीद मूर्खता है। वीडियो के आने पर कई लोगों ने बताया कि ये पुरानी है, और उस पर केस की धमकी दी, तो उन्होंने उस वीडियो को तुरंत अपने ट्विटर प्रोफाइल से हटा दिया और डिलीट कर दिया। अफवाह फैलाने, झूठे वीडियो शेयर करने और लोगों को भड़काने के लिए झूठ बोलना लिबरल पत्रकारों के गिरोह का पुराना पेशा रहा है। जब पोल खुल जाती है तो वो चुपके से अपना ट्वीट डिलीट कर देते हैं क्योंकि उन्हें पता है कि तब तक काफ़ी लोग उसे पढ़ने या देख चुके होते हैं।

कुछ ऐसा ही राणा अयूब ने भी किया। उन्होंने एक ऐसा वीडियो शेयर किया, जिसमें प्रतीत हो रहा है कि मस्जिद को जलाया जा रहा है। अयूब ने इस वीडियो को दिल्ली का बता कर पेश किया। इसके बाद गिरोह विशेष के अन्य लोगों ने भी राणा अयूब का साथ देते हुए कहा कि ये दिल्ली के अशोक नगर का वीडियो है। वीडियो देखने पर ऐसा लग रहा है कि कुछ लोग मस्जिद के ऊपर चढ़कर उसपर लगे स्पीकर नीचे फेंक रहे हैं और उस पर कोई झंडा फहरा रहे हैं। राणा अयूब ने वीडियो ट्वीट किया, डिलीट किया और फिर दोबारा ट्वीट किया।

कुछ लोगों का दावा है कि ये वीडियो पुराना है। लेकिन, राणा अयूब ने वीडियो को डिलीट करने के बाद उसे फिर से पोस्ट कर दिया। अगर वो सही था तो डिलीट क्यों किया और अगर अब वो पुष्टि करने का दावा कर रही हैं तो पहले बिना पुष्टि के क्यों ट्वीट किया? राणा अयूब को हाल ही में एक अवॉर्ड भी मिला है। उनको ‘साहसी पत्रकार’ का 2020 McGill मैडल मिला है। अयूब दावा करती हैं कि उन्हें ये अवॉर्ड इसीलिए मिला है क्योंकि वो सच्चाई का युद्ध लड़ रही हैं। अगर ऐसा होता तो उन्हें झूठा वीडियो शेयर नहीं करना पड़ता।

राणा अयूब ने शेयर किया पुराना वीडियो, गिरफ़्तारी के डर से किया डिलीट, फिर वापस किया ट्वीट

उधर प्रोपेगंडा पोर्टल ‘द वायर’ के संस्थापक सिद्धार्थ वरदराजन ने भी अपनी वेबसाइट पर प्रकाशित इस ख़बर को शेयर किया। वरदराजन और ‘द वायर’ ने दावा किया कि मस्जिद के स्पीकरों को नीचे फेंक कर उस पर हनुमानजी का झंडा फहरा दिया गया।

‘द वायर’ ने शेयर किया फेक न्यूज़, मुसलमानो को भड़काया

उधर एक अन्य प्रोपेगंडा पोर्टल ‘स्क्रॉल’ भी पीछे नहीं रहा और उसने भी ते ख़बर चलाई। ‘स्क्रॉल’ ने दावा किया कि लोगों ने ‘जय श्री राम’ और ‘हिन्दुओं का हिंदुस्तान’ नारा लगाते हुए मस्जिद को जला डाला और उसके ऊपर हनुमान का ध्वज फहरा दिया। ‘स्क्रॉल’ ने सेफ खेलने के लिए इस ख़बर को ‘द वायर’ के हवाले से बना दिया और राणा अयूब द्वारा ट्वीट डिलीट करने के साथ ही दोनों की भद्द पिट गई। हालाँकि, राणा अयूब ने फिर से वीडियो ट्वीट कर दिया, जिसके बाद दोनों ने राहत की साँस ली होगी।

‘स्क्रॉल’ ने शेयर की फर्जी ख़बर: ‘द वायर’ के हवाले से फैलाया झूठ

दिल्ली में लिबरल गिरोह लगातार हिंसा भड़काने वालों के समर्थन में हुआ है। सोशल मीडिया पर लगातार ऐसा माहौल बनाया जा रहा है, जैसे कपिल मिश्रा ने ही सब कराया हो। हालाँकि, मोहम्मद शाहरुख़ को लेकर सब ने चुप्पी साध रखी है। वही शाहरुख़, जिसे पुलिस ने अब गिरफ़्तार कर लिया है और जो सोमवार (फरवरी 24, 2020) को दिन भर फायरिंग करता हुआ घूम रहा था। इसी तरह मस्जिद को हिन्दुओं द्वारा जलाने का वीडियो ट्वीट किया गया, ताकि माहौल और खराब हो। उनकी पूरी कोशिश है कि दिल्ली में इतनी हिंसा हो कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश की छवि धूमिल हो।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

आरक्षण की सीमा 50% से अधिक हो सकती है? सुप्रीम कोर्ट ने राज्यों को भेजा नोटिस, 15 मार्च से सुनवाई

क्या इंद्रा साहनी जजमेंट (मंडल कमीशन केस) पर पुनर्विचार की जरूरत है? 1992 के इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने आरक्षण की सीमा 50% तय की थी।

‘बच्चा कितना काला होगा’: प्रिंस हैरी-मेगन ने बताया शाही परिवार का घिनौना सच, ओप्रा विन्फ्रे के इंटरव्यू में खुलासा

मेगन ने बताया कि जब वह गर्भवती थीं तो शाही परिवार में कई तरह की बातें होती थीं। जैसे लोग बात करते थे कि उनके आने वाले बच्चे को शाही टाइटल नहीं दिया जा सकता।

राजस्थान: FIR दर्ज कराने गई थी महिला, सब-इंस्पेक्टर ने थाना परिसर में ही 3 दिन तक किया रेप

एक महिला खड़ेली थाना में अपने पति के खिलाफ FIR लिखवाने गई थी। वहाँ तैनात सब-इंस्पेक्टर ने थाना परिसर में ही उसके साथ रेप किया।

सबसे आगे उत्तर प्रदेश: 20 लाख कोरोना वैक्सीन की डोज लगाने वाला पहला राज्य बना

उत्तर प्रदेश देश का पहला ऐसा राज्य बन गया है, जहाँ 20 लाख लोगों को कोरोना वैक्सीन का लाभ मिला है।

रेल इंजनों पर देश की महिला वीरांगनाओं के नाम: अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर भारतीय रेलवे ने दिया सम्मान

झाँसी की रानी लक्ष्मीबाई, इंदौर की रानी अहिल्याबाई और रामगढ़ की रानी अवंतीबाई इनमें प्रमुख हैं। ऐसे ही दक्षिण भारत में कित्तूर की रानी चिन्नम्मा, शिवगंगा की रानी वेलु नचियार को सम्मान दिया गया।

बुर्का बैन करने के लिए स्विट्जरलैंड तैयार, 51% से अधिक वोटरों का समर्थन: एमनेस्टी और इस्लामी संगठनों ने बताया खतरनाक

स्विट्जरलैंड में हुए रेफेरेंडम में 51% वोटरों ने सार्वजनिक जगहों पर बुर्का और हिजाब पहनने पर प्रतिबंध के पक्ष में वोट दिया है।

प्रचलित ख़बरें

मौलाना पर सवाल तो लगाया कुरान के अपमान का आरोप: मॉब लिंचिंग पर उतारू इस्लामी भीड़ का Video

पुलिस देखती रही और 'नारा-ए-तकबीर' और 'अल्लाहु अकबर' के नारे लगा रही भीड़ पीड़ित को बाहर खींच लाई।

14 साल के किशोर से 23 साल की महिला ने किया रेप, अदालत से कहा- मैं उसके बच्ची की माँ बनने वाली हूँ

अमेरिका में 14 साल के किशोर से रेप के आरोप में गिरफ्तार की गई ब्रिटनी ग्रे ने दावा किया है कि वह पीड़ित के बच्चे की माँ बनने वाली है।

‘हराम की बोटी’ को काट कर फेंक दो, खतने के बाद लड़कियाँ शादी तक पवित्र रहेंगी: FGM का भयावह सच

खतने के जरिए महिलाएँ पवित्र होती हैं। इससे समुदाय में उनका मान बढ़ता है और ज्यादा कामेच्छा नहीं जगती। - यही वो सोच है, जिसके कारण छोटी बच्चियों के जननांगों के साथ इतनी क्रूर प्रक्रिया अपनाई जाती है।

‘मासूमियत और गरिमा के साथ Kiss करो’: महेश भट्ट ने अपनी बेटी को साइड ले जाकर समझाया – ‘इसे वल्गर मत समझो’

संजय दत्त के साथ किसिंग सीन को करने में पूजा भट्ट असहज थीं। तब निर्देशक महेश भट्ट ने अपनी बेटी की सारी शंकाएँ दूर कीं।

‘ठकबाजी गीता’: हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस अकील कुरैशी ने FIR रद्द की, नहीं माना धार्मिक भावनाओं का अपमान

चीफ जस्टिस अकील कुरैशी ने कहा, "धारा 295 ए धर्म और धार्मिक विश्वासों के अपमान या अपमान की कोशिश के किसी और प्रत्येक कृत्य को दंडित नहीं करता है।"

आज मनसुख हिरेन, 12 साल पहले भरत बोर्गे: अंबानी के खिलाफ साजिश में संदिग्ध मौतों का ये कैसा संयोग!

मनसुख हिरेन की मौत के पीछे साजिश की आशंका जताई जा रही है। 2009 में ऐसे ही भरत बोर्गे की भी संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई थी।
- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

292,339FansLike
81,970FollowersFollow
393,000SubscribersSubscribe