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हैदराबाद में पुलिस के हत्थे चढ़ा सिमी आतंकी अजहर, 6 साल पहले किया था मंदिर में विस्फोट

2013 के बम धमाकों के बाद आतंकवादियों को कुछ समय बाद रायपुर से गिरफ्तार कर लिया गया था। पुलिस ने अबतक इस मामले में 17 आतंकियों को गिरफ्तार किया।

प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन सिमी के एक आतंकी को रायपुर पुलिस ने हैदराबाद से गिरफ्तार कर लिया है। बताया जा रहा है कि आरोपित आतंकी पिछले छ: साल से फरार था। बता दें यह सिमी वही संगठन है जिसने वर्ष 2013 में बिहार के बोधगया और पटना में हुए बम धमाकों की ज़िम्मेदारी ली थी। बिहार में बम धमाके की इस घटना को अंजाम देने के बाद सिमी के आतंकवादी छत्तीसगढ़ के रायपुर जिले में छिप गए थे।

पुलिस ने जिस आतंकवादी को गिरफ्तार किया है उसका नाम अजहरुद्दीन उर्फ़ अजहर केमिकल अली उर्फ़ बाबू खान है। 32 वर्षीय आतंकवादी अज़हर मूलत: रायपुर शहर के मौदहापारा इलाके का रहने वाला है जोकि सिमी के आतंकी संगठन के लिए प्रचार-प्रसार से लेकर बैठकें आयोजित करने का काम करता था। अजहर पर यह भी आरोप है कि उसने 2013 बम धमाके के बाद आतंकियों को रायपुर में छिपाने में बड़ी अहम् भूमिका निभाई थी।

बता दें कि 2013 के बम धमाकों के बाद आतंकवादियों को कुछ समय बाद रायपुर से गिरफ्तार कर लिया गया था। पुलिस ने अबतक इस मामले में 17 आतंकियों को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार उन्हें आरोपित केमिकल अली के फ्लाईट से हैदराबाद आने की सूचना मिली थी जिसके बाद इसके लिए प्लान तैयार किया गया और पुलिस की एक टीम हैदराबाद भेजी गई ताकि आतंकवादी को पकड़ा जा सके। इसके बाद आतंकवादी को एयरपोर्ट पर ही घेराबंदी करके गिरफ्तार कर लिया गया। एसएसपी आरिफ शेख और सीएसपी त्रिलोक बंसल ने बताया कि 2013 में सिमी का प्रचार-प्रसार करने वालों के खिलाफ केस दर्ज किया गया था।

बता दें कि वर्ष 2013 में 7 जुलाई को बोधगया मंदिर और उसके निकट सिमी के आतंकवादियों ने नौ सिलसिलेवार बम धमाकों को अंजाम दिया था, इनमें से एक सिलेंडर बम भी था। इस घिनौनी हरकत आतंकवादियों ने पांच बम धमाके महाबोधि मंदिर के प्रांगण किये थे जहाँ करीब 200 बौद्ध प्रशिक्षु भिक्षुओं का निवास था। इसके अलावा 80 फुट की बुद्ध प्रतिमा और बस स्टैंड के पास भी बम धमाके किये गए थे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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