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शोपियाँ: एनकाउंटर में मारे गए हिजबुल के 2 आतंकियों में एक पाकिस्तानी, तलाशी अभियान तेज

एक अधिकारी ने बताया कि इस क्षेत्र में आतंकियों के छुपे होने की सूचना मिलने के बाद सर्च ऑपरेशन चलाया गया। ऑपरेशन के तहत जैसे ही सुरक्षाबल संदिग्ध इलाकों की ओर बढ़ने लगे, वहाँ छुपे आतंकियों ने उनपर फायरिंग शुरू कर दी।

जम्मू-कश्मीर के शोपियाँ जिले में आज (मार्च 9, 2020) सुबह सुरक्षाबलों ने आतंकियों के साथ हुई मुठभेड़ में 2 आतंकवादियों को मार गिराया। इस मुठभेड़ में मरने वाले दोनों आतंकियों के संबंध हिजबुल मुजाहिद्दीन से जुड़े मिले। इनमें से एक पाकिस्तानी था और दूसरे की पहचान इशफाक अहमद के रूप में हुई। ये इशफाक कुलगाम के यारीपोरा इलाके के गाँव हंगल बुच का निवासी था और साल 2016 से ही आतंकवादी गतिविधियों में संलिप्त था।

जानकारी के अनुसार, आतंकियों के ढेर किए जाने के बाद भी सुरक्षाबलों का तलाशी अभियान जारी है। सेना को आशंका है कि रिहायशी इलाके में और आतंकी छिपे हो सकते हैं। इस तलाशी अभियान में सेना, पुलिस की SOG और सीआरपीएफ के जवान शामिल हैं। हालाँकि, फिलहाल दोनों ओर से गोलीबारी शांत हैं, लेकिन आतंकियों के होने की आशंका पर घर में घुस पर तलाशी ली जा रही है।

अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार, कश्मीर के आईजी विजय कुमार ने इस एनकाउंटर की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि शोपियाँ जिले के खाजपुरा रेबन इलाके में सुरक्षा बलों और आतंकियों के बीच आज सुबह हुई मुठभेड़ में दो आतंकियों को ढेर किया गया। साथ ही उनके शव भी बरामद कर लिए गए।

वहीं, एक अधिकारी ने बताया कि इस क्षेत्र में आतंकियों के छुपे होने की सूचना मिलने के बाद सर्च ऑपरेशन चलाया गया। ऑपरेशन के तहत जैसे ही सुरक्षाबल संदिग्ध इलाकों की ओर बढ़ने लगे, वहाँ छुपे आतंकियों ने उनपर फायरिंग शुरू कर दी। इसके जवाब में सुरक्षाबलों ने भी फायरिंग की। उन्होंने यह भी बताया कि फिलहाल एक और आतंकी के छिपे होने की आशंका है।

गौरतलब है कि इस मुठभेड़ से पहले अवंतीपुरा पुलिस ने आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिद्दीन के तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया था। ये तीनों लोग त्राल क्षेत्र में आतंकवादियों को आश्रय देते थे साथ ही बाकी की तरह की मदद भी मुहैया कराते थे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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