प्रयागराज के जिस मदरसे में नकली नोट छापे जाने की बात सामने आई थी उस मदरसे को लेकर पता चला है कि वहाँ बच्चों को बताया जाता था कि आरएसएस एक आतंकी संगठन है।
सुनील आम्बेकर ने स्पष्ट कहा कि जातीय जनगणना का इस्तेमाल सिर्फ चुनाव और चुनावी राजनीति के लिए नहीं होना चाहिए। यानी, राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के लिए इसका इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए।
मिशनरियों ने वहाँ क्रॉस लगा दिया, मूर्ति फेंक दी, जेवियर का स्मारक बनाने की चेष्टा की। कॉन्ग्रेसी मुख्यमंत्री M भक्तवत्सलम ने अड़ंगा लगाया। नेहरू के मंत्री हुमायूँ कबीर इसके पक्ष में नहीं थे। इन सबके बावजूद RSS के एकनाथ रानडे ने इसे कर दिखाया।
जस्टिस दाश बीते 15 वर्षों से हाई कोर्ट में जज थे। वह कलकत्ता हाई कोर्ट तीसरे सबसे वरिष्ठ जज थे। वह कलकत्ता हाई कोर्ट से पहले ओडिशा हाई कोर्ट में भी जज रहे हैं।