वीरगति को प्राप्त हुए एक जवान ने गोली लगने के बाद भी, मौत से पहले, खून से सने सड़क पर लेटे एक पुलिसकर्मी ने मामले को सुलझाने में पुलिस की मदद करने के लिए अपने हाथ पर वाहन का नंबर लिखा था।
महिला ने आरोपितों को चेतावनी दी कि वो अपने माता-पिता को इसके बारे में बता देगी, जिसके बाद गुस्से में डीएमके पदाधिकारी ने उसकी हत्या कर दी। और इसे इस तरह से पेश किया जैसे पीड़िता ने फाँसी लगाकर आत्महत्या किया हो।
30 जून की शाम करीब 4 बजे लड़की अपने घर के बाहर खेल रही थी और इसी बीच वह गायब हो गई। लड़की के माता-पिता ने बच्ची के लापता होने की शिकायत उसी शाम को करीब 7 बजे पुलिस थाने में कराई।
रवि विश्कर्मा को पहले से ही अपने ऊपर होने वाले हमले की जानकारी थी। इसीलिए उन्होंने शुक्रवार दोपहर को होशंगाबाद पुलिस स्टेशन में एएसपी एपी सिंह एक ज्ञापन सौंपा था। जिसमें उन्होंने.....