चाकुओं से गोदने और रेतने में वही अंतर है जो झटका और हलाल में होता है। एक में पीड़ित को सिर्फ मारना उद्देश्य होता है, एक में तड़पा कर मारना, और शायद कोई मैसेज देना।
4 साल में 100 ग्रामीणों को नौकरी का झांसा देकर टीएमसी पार्षद का भाई 1 करोड़ रुपए हथिया चुका था। टीएमसी पार्षद अतनु गिरी ने किया भाई के संपर्क में नहीं होने का दावा।
हत्यकाण्ड के वक्त प्रदेश के गृह सचिव रहे गुप्ता ने तत्कालीन प्रधानमंत्री नरसिम्हा राव के पीएमओ को जवाब देते हुए ममता बनर्जी के आरोपों को तथ्यहीन बताया था।
सार्वजनिक जगहों पर जुमे की नमाज अता किए जाने की हरियाणा के सीएम खट्टर भी आलोचना कर चुके हैं। बीते साल नोएडा पुलिस ने कंपनियों को एडवाइजरी जारी कर कहा था कि वे अपने कर्मचारियों को सार्वजनिक जगहों पर नमाज अता करने से रोकें। बीते साल ही मद्रास हाई कोर्ट ने कहा था कि सार्वजनिक जगहों का इस्तेमाल प्रार्थना के लिए नहीं किया जाना चाहिए।
महुआ मोइत्रा अगर अपनी पार्टी के गिरेबान में झाँक लें तो शायद राजनीतिक स्वतंत्रता पर दूसरों को उपदेश देने के बाद वह संसद आना तो दूर, घर से निकलने में शर्माएँ!