असम पुलिस ने सोशल मीडिया पर तालिबान का समर्थन करने के आरोप में 16वीं गिरफ्तारी की। आरोपित गुवाहाटी के जोराबत इलाके में एक टायर की दुकान में काम करता है।
"वीडियो फुटेज के आधार पर आरोपितों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी। राज्य सरकार द्वारा रोक लगाए जाने के बाद भी सैकड़ों की भीड़ कैसे सड़क पर आ गई इसकी जाँच कराई जाएगी।"
सपा के सांसद हों या ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के प्रवक्ता या फिर देवबंद के मुफ्ती अथवा मंत्री रहे मौलाना, सब के सब तालिबान की खुलकर प्रशंसा करने में लगे हैं।
भारतीय लिबरलों का आचरण इस बात को बल देता है कि आज इस्लामिक आतंकवाद के साथ वैचारिक कन्धा मिलाकर खड़ा होने में जिन्हें शर्म नहीं, वे भविष्य में सामरिक कंधा देने के लिए खड़े हो जाएँ तो आश्चर्य न होगा।
अफगानिस्तान में तालिबान ने बुर्का नहीं पहनने पर महिला को गोली मार दी। काबुल एयरपोर्ट से लोगों को खदेड़ने के लिए धारदार हथियारों, गोली का इस्तेमाल कर रहा है।
सर्वे में जब यह प्रश्न पूछा गया कि शरिया क्या सिर्फ मुस्लिमों के लिए लागू होना चाहिए या गैर-मुस्लिमों के लिए भी? इस पर सर्वे में भाग लेने वाले अफगानिस्तान के 61% लोगों ने कहा था कि शरिया गैर-मुस्लिमों पर भी लागू होना चाहिए।