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गाय के पैर बाँध मो. अंसारी ने किया दुष्कर्म, नारियल तेल के साथ गाँव वालों ने रंगे हाथ पकड़ा: देखें Video

गुस्साए गाँव वालों ने अंसारी से गाय के पाँव छूकर माफी माँगने को कहा, लेकिन जैसे ही अंसारी वहाँ पहुँचा, गाय उसे देखकर डर गई और वहाँ से भाग गई। गाय की व्यथा देखकर गाँव वाले उससे बोले, "ये भाग रही है क्योंकि ये तुमसे डर गई। उसे लग रहा है कि तुम वही सब करने दोबारा आए हो।"

तख्ती गैंग, मौलवी क़ुरान पढ़ाने के बहाने जब रेप करता है तो कौन सा मज़हब शर्मिंदा होगा?

बात चाहे हस्तमैथुन और ऑर्गेज़्म के जरिए महिलाओं के अधिकारों की बात करने वाली स्वरा भास्कर की हो या फिर उन्हीं के जैसी काम के अभाव में सोशल मीडिया पर एक्टिविस्ट्स बने फिर रहे अन्य मीडिया गिरोह हों, सब जानते हैं कि उन्हें कब कैंडल बाहर निकालनी है और किन घटनाओं का विरोध करना है।

ऋचा भारती को नहीं बाँटनी होगी कुरान की प्रतियाँ, राँची कोर्ट ने वापस लिया फैसला

राँची की अदालत ने ऋचा भारती वाले मामले में दिया गया 'कुरान बाँटने' वाला आदेश वापस ले लिया है। अदालत ने यह निर्णय इस केस की जाँच कर रहे इन्वेस्टीगेशन अधिकारी के निवेदन पर लिया।

रामायण पढ़ने पर जाकिर और समीर ने दिलशेर को पीटा, दोनों को मिली बिना शर्त जमानत

55 साल के मुस्लिम व्यक्ति को उसके समुदाय के कुछ युवकों ने घर में घुसकर सिर्फ़ इसलिए पीटा था क्योंकि वह अपने घर में बैठकर हिंदुओं की धार्मिक पुस्तक ‘गीता’ पढ़ रहा था। दोनों ही आरोपितों को अदालत द्वारा बिना शर्त जमानत दे दी गई है।

दूसरे समुदाय के वकीलों ने भी ऋचा भारती पर ‘कुरान जजमेंट’ को बताया आश्चर्यजनक, तबादले तक जज का बहिष्कार

"एक अधिवक्ता काला कोट पहनने के बाद हिन्दू और मुस्लिम नहीं होता है। हिन्दू ही नहीं बल्कि कई मुस्लिम अधिवक्ताओं तक ने 'कुरान बाँटने' के इस फैसले पर आश्चर्य व्यक्त किया है और कहा कि इस प्रकार की शर्त कोई न्यायालय कैसे रख सकता है?"

कर्नाटक हाई कोर्ट में धर्म परिवर्तन? इस्लामी संगठन ने जजों और वकीलों के बीच बाँटी कुरान

सलाम सेंटर 'दवाह (Dawah)' के लिए मशहूर है। दवाह मतलब वो इस्लामी प्रथा जिसमें गैर-मुस्लिमों को इस्लाम अपनाने के लिए प्रेरित किया जाता है, उनका ब्रेनवॉश किया जाता है।

ऋचा भारती को आप ने कहा क़ुरान बाँटो, उसे ‘रंडी साली’, ‘फक योर सिस्टर’ कहने वाले क्या बाँटें मी लॉर्ड?

हो सकता है अंजुमन इस्लामिया वालों को ‘फक योर सिस्टर’ का या ‘तेरी माँ मेरी रखैल’ आदि का मतलब मालूम न हो, लेकिन कोर्ट के जजों को तो ज़रूर पता होगा कि इन शब्दों से एक लड़की की ‘मोडेस्टी आउटरेज’ होती है। और यह क़ानूनन जुर्म है।

पश्चिम बंगाल: हनुमान चालीसा पढ़ रहे लोगों को पुलिस ने पीटा, राम के बाद हनुमान पर भी नजर टेढ़ी

सड़क पर नमाज से न केवल आम लोगों को परेशानी होती है, बल्कि यह प्रशासन के लिए भी बड़ा सिरदर्द है। इसका हवाला देते हुए भाजयुमो का कहना है कि जब दूसरे समुदाय वाले हर शुक्रवार को नमाज के नाम पर सड़क बंद कर सकते हैं और प्रशासन उन्हें नहीं रोकता तो हम हनुमान चालीसा का पाठ सड़क पर क्यों नहीं कर सकते।

बिहारी पत्रकारों, नीतीश कुमार की काहिली को डिफेंड कर रहे हो? इसी बाढ़ में डूब क्यों नहीं जाते?

बाढ़ सरकारी महकमे के अफसरों और नेताओं के लिए उत्सव है। ये वो समय है जब राहत पैकेज के रूप में भ्रष्टाचार का पैकेज आता है। आखिर लगभग पंद्रह साल से सत्ता में रही पार्टी इस समस्या का कोई हल ढूँढने में विफल क्यों रही है? अगर कोसी द्वारा अपने पुराने बहाव क्षेत्र में वापस आने वाले साल को छोड़ दिया जाए, तो बाकी के हर साल एक ही समस्या कैसे आ जाती है?

‘बाँटनी होगी कुरान’- जमानत के लिए कोर्ट के इस शर्त को मानने से ऋचा भारती ने किया इनकार

ऋचा ने कहा, "आज कुरान बाँटने का आदेश दिया गया है, कल को इस्लाम स्वीकार करने या नमाज पढ़ने का आदेश देंगे तो वह कैसे स्वीकार किया जा सकता है। क्या किसी समुदाय विशेष वाले को सजा के तौर पर दुर्गा पाठ करने या हनुमान चालीसा पढ़ने का आदेश कोर्ट ने सुनाया है?"

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