ओवैसी ने कहा, "मोदी नहीं तो ये सब सूखे पत्तों की तरह उड़ जाएँगे। मैं मोदी का फैन नहीं हूँ। मैं बस सच्चाई बता रहा हूँ। सच ये है कि मोदी पॉपुलर हैं, दूसरे पॉपुलर नहीं हैं।"
टीपू सुल्तान के समय में शुरू हुआ ये रिवाज कोल्लूर के सुब्रमण्या में पुत्तुर के मंदिरों में किया जाता था। इसे बदलने की घोषणा कर्नाटक धर्मिका परिषद द्वारा की गई।