हाथरस में आरोपित की जाति पर जोर देने वाली रोहिणी सिंह जैसी लिबरल, बलरामपुर में दलित से रेप पर चुप हो जाती हैं? क्या जाति की तरह मजहब अहम पहलू नहीं होता?
आरफा खानम ने कंगना को 'गोडसे प्रेमी' कहते हुए 'लिबरल मूल्यों' पर ज्ञान देने की कोशिश की, जवाब में अभिनेत्री ने उन्हें बताया कि वो उदारवादी नहीं, बल्कि 'भक्त' हैं।