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Media Hypocrisy

फ़र्ज़ी स्टिंग वाली ‘इंडिया टुडे’ के झूठ का वजन भारी हो गया है, सवालों से कब तक भागते फिरेंगे कँवल?

साबित हो चुका है कि अक्षत ABVP का कार्यकर्ता नहीं। 'इंडिया टुडे' की पत्रकार वामपंथियों के साथ कानाफूसी और सेटिंग करते देखी गईं। कँवल की थेथरई का आलम ये है कि वो सीधा कह रहे कि वो सवालों के जवाब नहीं देंगे। फ़र्ज़ी स्टिंग को 'पाथ ब्रेकिंग' बताने के पीछे का सच।

रिपब्लिक के पत्रकार के साथ धक्का-मुक्की कर चुकी है वामपंथियों को कोचिंग देने वाली ‘इंडिया टुडे’ की तनुश्री

'इंडिया टुडे' की पत्रकार तनुश्री पांडेय वामपंथी छात्रों के साथ खुसुर-पुसुर करते हुए दिखी थीं। उन्होंने छात्रों को सिखाया था कि उन्हें कैमरे के सामने क्या बोलना है? इसी तनुश्री ने नवंबर 2019 में वामपंथियों के साथ मिल कर रिपब्लिक, ज़ी न्यूज़ और सुदर्शन चैनल के पत्रकारों के साथ बदतमीजी की थी।

प्रोपेगेंडा का Outlook: जब मोदी घृणा से कीबोर्ड तड़-तड़ाए तो पन्ने फड़-फड़ फड़फड़ाए

इस प्रोपेगेंडा के असर क्या होंगे यह गर्भ में नहीं है। सोशल मीडिया से लेकर सड़क तक लोग इनके प्रोपेगेंडा का गुर्दा छील रहे हैं। छीलते रहेंगे। छीलने की रफ्तार जब चरम पर पहुँचेगी तो धुक-धुक धुका रहे इन संस्थानों की फड़-फड़ फड़ाहट खुद-ब-खुद दफन हो जाएगी।

मैंने झूठी खबर चलाई, मुझे माफ़ कर दो: पढ़िए, राजदीप सरदेसाई का माफीनामा

मामला शोहराबुद्दीन शेख एनकाउंटर से जुड़ा है। राजदीप ने एक IPS पर सनसनीखेज आरोप लगाए थे। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट तक गुहार लगाई। प्रेस की स्वतंत्रता की दुहाई दी। राहत नहीं मिली तो माफी माँग जान बचाई।

तानाजी की वीरता से वामपंथी पोर्टल मूर्छित, खुन्नस में देश के अस्तित्व को ही नकारा

फ़िल्म 'तान्हाजी' ने वामपंथी पोर्टलों की ऐसी सुलगाई है कि वो अजय देवगन से खार खाए बैठे हैं। क्विंट, वायर, एनडीटीवी और स्क्रॉल की समीक्षाओं का पोस्टमार्टम कर हमने आपके मनोरंजन की व्यवस्था की है। जानिए, वामपंथी समीक्षकों ने देश के अस्तित्व को कैसे नकारा है।

शेखी बघारने के लिए ख़ुद को बताया ABVP का सदस्य: इंडिया टुडे को दिए बयान से पलटा JNU छात्र अक्षत

इंडिया टुडे के स्टिंग ऑपरेशन में खुद को ABVP का बताने वाला JNU का छात्र अक्षत अपने ही बयान से पलट गया है। उसने कहा है कि मैंने शेखी बघारने के लिए झूठ बोला था। उसने कहा है कि इंडिया टुडे के रिपोर्टर ने ही झूठ बोला था।

लल्लनटॉप के सौरभ द्विवेदी BJP वालों को बाँट रहे थे कंडोम… बाप ही निकले भाजपाई, लड़ चुके हैं चुनाव

'दी लल्लनटॉप' के संपादक हैं सौरभ द्विवेदी। कंडोम से बहुत प्यार करते हैं। खुद के बजाय दूसरों को भी इसका महत्व बताते चलते हैं लेकिन अपमानित करने लिए... उन्होंने कहा कि भाजपा वालों को बच्चा पैदा नहीं करना चाहिए। अगर इनके भाजपाई पिताजी ने स्वयं इनकी सलाह मान ली होती तो... पढ़िए, मम्मी कसम मारक मजा मिलेगा।

NY टाइम्स ने JNU हिंसा पर कहा- लगाए गए थे ‘जय श्रीराम’ के नारे, जावड़ेकर ने कसा तंज- यही हैं सच्चे राम भक्त

अभिनव प्रकाश नाम के यूजर के ट्वीट का स्क्रीनशॉट शेयर करते हुए प्रकाश जावड़ेकर ने व्यंगात्मक लहजे में कहा कि ऐसा लगता है न्यूयॉर्क टाइम्स में ही सबसे ज्यादा भक्त हैं। जो हर जगह राम को ढूँढ लेते हैं।

बुर्क़ा होता है मुस्लिम महिला की पहचान, घूँघट से रहती है हिंदू महिला परेशान: BBC की बिग BC

बीबीसी की रिपोर्ट्स में हिंदू बनाम मुस्लिम ध्यान रखते हुए एकतरफा पत्रकारिता का फर्क़ पहली बार नहीं झलक रहा। बल्कि यदि बीबीसी की वेबसाइट पर जाकर सर्च बॉक्स में इन दोनों (घूँघट और बुर्का ) शब्दों को टाइप किया जाए तो इनके इस पूरे अजेंडे का खुलासा होता है।

लिंगलहरी कन्हैया को फ़ोर्ब्स ने 20 प्रभावशाली व्यक्तियों में किया शामिल, गिराई अपनी साख

कन्हैया को 22% वोट मिले, इसीलिए वो सूची में हैं। वो 34% वोट से हारे, ये क्यों छिपाया गया? फोर्ब्स की सूची में 8 भारतीयों में से 5 ऐसे हैं, जो पीएम मोदी के आलोचक हैं। इस सूची को किस आधार पर तैयार किया गया है, फोर्ब्स ने नहीं बताया। जो भी मोदी के ख़िलाफ़ बोले, ब्रांडिंग कर दो।

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