मस्जिद के इमाम ने बताया कि उग्र लोगों ने जुमे की नमाज के बाद उनसे माइक छीना और नमाजियों को बाहर जाकर हिंसा का समर्थन करने को कहने लगे। इसी बीच नमाजियों ने उन्हें रोका तो सभी हमलावरों ने हमला बोल दिया।
सीपीआईएम ने बयान में कहा , "वाराणसी की सिविल कोर्ट ने यह पता लगाने के लिए कि ज्ञानवापी मस्जिद में हिंदू मंदिर था या नहीं, जो ASI को पुरातात्विक सर्वेक्षण के लिए मंजूरी दी है, वो कानून का उल्लंघन है।"
'दिल्ली वक़्फ़ बोर्ड' के अध्यक्ष और आप विधायक अमानतुल्लाह ने मौलवियों के साथ बैठक के बाद जुमे की नमाज के दौरान हर मस्जिद में एहतेजाज-ए-खुत्बा का ऐलान किया है।
मंत्री ने कहा कि लाउडस्पीकर पर अजान के शोर के कारण उनके योग, ध्यान, पूजा पाठ व शासकीय कार्यों में भी बाधा पैदा होती है। उन्होंने जिलाधिकारी को पत्र लिखकर अधिक संख्या में लगे लाउस्पीकरों को हटाने की माँग की है।