DG ISPR ने प्रेस से बात करते हुए दावा किया कि जिस आदमी को भारतीय अधिकारियों और मीडिया ने लश्कर-ए-तैयबा (LeT) का आतंकी कहा है, असल में वह महज एक प्रचारक और निर्दोष आदमी है। अपने दावे के समर्थन में DG ISPR ने हाफिज का पहचान पत्र और वीडियो बयान को भी सबके सामने रखा।
नौसेना के वाइस एडमिरल एएन प्रमोद ने कहा कि आतंकी हमले के 96 घंटे के अंदर ही हमने अपने हथियारों, युद्ध पोतों और अन्य तैयारियों को परखा और एक्शन के लिए तैनात हो गए दुश्मन को सबक सिखाया जा सके।
रक्षा मंत्री ने कहा, "पूरा देश भारतीय सेना को इस ऑपरेशन की सफलता के लिए बधाई दे रहा है। यह केवल सैन्य ताकत नहीं, बल्कि हमारे राष्ट्रीय संकल्प का भी प्रतीक है।"
पाकिस्तानी सोशल मीडिया अकाउंट्स पर एक फर्जी खबर का स्क्रीनशॉट तेजी से वायरल हो रहा है। इसमें 'द डेली टेलीग्राफ' द्वारा प्रकाशित एक खबर की जानकारी दी गई है।
IAF ने कहा, "यह अभियान सुनियोजित और संयमित ढंग से, राष्ट्रीय लक्ष्यों के अनुरूप चलाया गया। चूँकि अभियान अभी भी जारी है, इसीलिए विस्तृत जानकारी उपयुक्त समय पर साझा की जाएगी।"