इस कानून को 1978 में फारूक अब्दुल्ला के पिता शेख अब्दुल्ला ने ही राज्य में लागू किया था। इस कानून के तहत किसी भी शख्स को अचानक से हिरासत में लिया जा सकता है और बिनी किसी तरह का मुकदमा चलाए...
जिला प्रशासन ने AMU से जुड़े 44 छात्रों सहित कुल 58 लोगों की भी पहचान की है, जिनको शहर में शांति भंग करने के लिए प्रशासन नोटिस जारी कर रहा है। साथ ही विश्वविद्यालय प्रशासन को भी उनके पते उपलब्ध कराने के लिए कहा गया है, लेकिन अभी तक कोई जवाब नहीं मिला है।
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार बांग्लादेशियों की पहचान ढाका के नादौर सिंगरा निवासी मामून शेख, मिलन शेख, मुकुल शेख, मोनू वैध, सीजर शेख, असलम शेख, पालन शेख के रूप में हुई है। इसके साथ ही इनके परिवार से संपर्क करने की कोशिश की जा रही है। फिलहाल सातों बांग्लादेशियों को जेल भेज दिया गया है।
आतंकी अबू मूसा इससे पहले भी इस तरह की कई घटनाओं को अंजाम दे चुका है। पिछले माह में उसने जेल वार्डन अमल करमाकर पर पीवीसी पाईप से हमला किया था। इस हमले में गंभीर रूप से घायल वार्डन को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था।
मुंबई के आज़ाद मैदान में आयोजित रैली में सीएए और एनआरसी के विरोध के नाम पर लोगों ने न सिर्फ़ शरजील इमाम के समर्थन में नारे लगाए गए बल्कि कई बैनर-पोस्टरों में कश्मीर को ‘आज़ादी’ देने की माँग की गई थी।
बीते दिनों जम्मू-श्रीनगर हाईवे से ट्रक में सवार होकर आए चार आतंकियों ने टोल पर तैनात सीआरपीआफ के जवानों पर हमला कर दिया था। इस जवाबी कार्रवाई में सेना के जवानों ने तीनों आतंकियों को मौके पर ही ढेर कर दिया था।
"मौके पर गोली के खाली राउंड नहीं मिले हैं। इसके अलावा, कथित हमलावर किस गाड़ी से आए थे इस पर लोगों के अलग-अलग बयान हैं। कुछ का कहना कि वे एक स्कूटर पर आए थे कुछ उसे फोर व्हीलर बता रहे थे।"
अंजलि ने होशियारी दिखाते हुए तार को बारूद से अलग कर दिया और तहखाने के लोहे के दरवाजे को अंदर से बंद कर दिया। इसके बाद सिरफिरे ने कई बार दरवाजा खुलवाने की कोशिश की लेकिन वह कामयाब नहीं हो पाया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पहले ही कह चुके हैं कि उत्तर प्रदेश में देश-विरोधी गतिविधियों के लिए कोई जगह नहीं है। उन्होंने कहा था कि पुरुष घर में रहे रजाई ओढ़ कर सो रहे हैं और उन्होंने जानबूझ कर महिलाओं व बच्चों को सड़क पर बैठने के लिए छोड़ दिया है।
बंधक संकट करीब 8 घंटे चला। मोहम्मदाबाद के कठरिया गॉंव में बच्चों को बंधक बनाने वाले सुभाष ने बाथम को देर रात पुलिस ने मार गिराया। इसके बाद सभी बच्चे उसके घर से सुरक्षित निकाले गए।