रामलला विराजमान के दर्शन के साथ-साथ उन्होंने भव्य राम मंदिर के निर्माण कार्य का अवलोकन किया। मंदिर का प्रतिरूप उन्हें भेंट किया गया। अंगवस्त्र ओढ़ा कर सम्मानित किया गया।
रजनीकांत के अयोध्या आगमन पर आचार्य सत्येंद्र दास ने कहा कि इससे उत्तर और दक्षिण के संबंध जुड़ेंगे। हनुमानगढ़ी में पुजारियों ने उन्हें तिलक लगाया, प्रसाद स्वरूप माला पहनाई।
तीर्थ क्षेत्र भवन रामकोट में ऋग्वेद, साम वेद, कृष्ण यजुर्वेद, शुक्ल यजुर्वेद के मंत्रों की आहुतियाँ दी जा रही हैं। वाल्मीकि रामायण व श्रीमद्भागवत का भी पाठ हो रहा है।
अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण कार्य का पहला चरण इस साल 30 दिसंबर तक पूरा हो जाएगा। यह जानकारी राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्रा ने दी है।