TikTok गर्ल हरीम शाह को भले ही इस वीडियो शूट पर बड़ा नाज़ हो, लेकिन सच्चाई यह है कि सोशल मीडिया पर इस वीडियो पर कई तीख़ी प्रतिक्रियाएँ आई हैं जो न TikTok गर्ल के लिए ठीक है और न ही पाकिस्तान सरकार के लिए।
"सिर्फ़ भारत के यूज़र्स के लिए आपत्तिजनक विषयवस्तु को निष्क्रिय या ब्लॉक करना काफ़ी नहीं होगा क्योंकि यहाँ रह रहा यूज़र उस विषयवस्तु को किसी अन्य माध्यम से भी देख सकता है। इसलिए वैश्विक स्तर पर आपत्तिजनक पोस्ट से संबंधित वीडियो लिंक्स को निष्क्रिय किया जाए।"
नेता प्रतिपक्ष अधीर रंजन चौधरी ने पी चिदंबरम की जमानत के लिए 'Enlargement' शब्द का प्रयोग किया, जो कि एक 'Highly technically legal term' है, लेकिन कई लोगों ने समझा कि वो पी चिदंबरम के लिए अजीबोगरीब भाषा (अश्लील) का प्रयोग कर रहे हैं।
यूपी पुलिस ने अब तक 14 लोगों के ख़िलाफ़ मामला दर्ज कर लिया है। इनमें, हरदोई, अंबेडकर नगर, प्रतापगढ़, देवरिया, सहारनपुर, हमीरपुर में एक-एक और प्रयागराज, औरैया में दो-दो मुक़दमे शामिल हैं। इसके अलावा साइबर यूनिट ने लखनऊ में चार मामले दर्ज किए हैं।
पुलिस अधीक्षक सरकार एमडी कैसर ने चार लोगों की मौत की पुष्टि की है। इनमें मदरसा छात्र महबूब (14 वर्षीय), कॉलेज छात्र शाहीन (23 वर्षीय), महफूज़ (45 वर्षीय) और मिज़ान (40 वर्षीय) शामिल हैं। प्रदर्शनकारियों ने दावा किया है कि जो लोग मारे गए थे, वे उन्हीं के आदमी थे।
कहने को तो यह वीडियो क्लिप महज़ 1 मिनट 5 सेकंड की है, लेकिन ऐसी क्रूरता बर्दाशत करने के लिए लिए पीड़ितों को एक लम्हा... सौ सदियों के बराबर लगा होगा। छटपटाहट के उस क्षण की पीड़ा को उनसे बेहतर और कोई नहीं समझ सकता, ऐसी बर्बरता जानवरों से भी बदतर व्यवहार है।
बताया जा रहा है कि सुली डिप्रेशन की भी शिकार थीं। उनकी लाश के पास से एक नोट भी मिला है। हालाँकि, फिलहाल इस बात का खुलासा नहीं हो पाया है कि सुसाइड नोट में क्या लिखा हुआ है। पुलिस मौत के कारणों की जाँच कर रही है।
"इन बच्चों के चेहरे पर मुस्कुराहट लाना मेरे जीवन की सबसे बड़ी उपलब्धि है। जीजी फाउंडेशन को बधाई! हम बलिदानी जवानों के 100 बच्चों की देखभाल करेंगे। उनके पिता ने देश के लिए अपना बलिदान दिया और अब हमारी बारी है।"
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा से मिले तो भी मीम्स बने। जापान गए तो वहाँ एक अलग तरह का मीम वायरल हुआ। हॉन्गकॉन्ग की नेता से मिले सूअर वाला मीम। क्या सचमुच इससे तंग आकर कार्टून कैरेक्टर को ही बैन कर दिया चीन में?
यह सब बातें पटनायक के पल्ले नहीं पड़ने वाली है, क्योंकि बहुत सारे वामपंथी उदारवादी जोकर हैं, जो महिलाओं के साथ तब तक ही सही तरीके से बात कर सकते हैं, जब तक कि बात उनके मन मुताबिक हो, जैसे ही कोई महिला इनके विचार के विपरीत रूख अपनाती है तो वो उनके साथ बदतमीजी से पेश आने से जरा भी नहीं हिचकते।