16 घंटे चली इस मुठभेड़ के बाद सुरक्षाबलों ने तीन आतंकियों को मार गिराया। गणतंत्र दिवस से पहले ये आतंकी जम्मू कश्मीर में किसी बड़े हमले की योजना बना रहे थे।
इसका सबसे बड़ा सबूत आंदोलन स्थल पर लगा पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह समेत 17 लोगों की हत्या के दोषी जगतार सिंह हवारा और उसके साथियों के पोस्टर है।