सांपला ने आगे कहा कि बंगाल में दलितों के खिलाफ हिंसा के 1627 मामले सामने आए हैं। इनमें से करीब 10-12 मामले रेप से संबंधित हैं। इसके अलावा 15 से 20 लोगों की हत्या के मामले भी सामने आए हैं।
पश्चिम बंगाल में बुरी तरह से हारने के बाद भी अन्य कॉन्ग्रेसी नेता ममता बनर्जी की जीत का जश्न मनाने में पीछे नहीं रहे, जबकि वहाँ पर कॉन्ग्रेस कार्यकर्ताओं को टीएमसी के गुंडों के हिंसा का सामना करना पड़ा।