कार्ल रॉक ने CAA (नागरिकता संशोधन कानून) विरोधी आंदोलनों में न सिर्फ भाग लिया, बल्कि अपने यूट्यूब चैनल से भी इसे दिखाया। इसमें वो अपनी पत्नी के साथ गया था।
"अज़ीज़ अली, जो कि मुंबई के डोंगरी का एक गुंडा है, उसे फिल्म में 'स्ट्रीट फाइटर' कहा जाता है। वो एक 'शांतिदूत' है, इसीलिए पूजा नाम की एक डॉक्टर उससे शादी कर लेती हैं।"