निखिल गुप्ता ने चेक गणराज्य से प्रत्यर्पण से बचने के लिए वहाँ के स्थानीय कोर्ट में याचिका भी लगाई थी लेकिन मई, 2024 में कोर्ट ने उसके प्रत्यर्पण का रास्ता साफ़ कर दिया था।
हकीकत ये है कि ट्रूडो सरकार अब खुलकर खालिस्तानी आतंकवादियों का समर्थन कर रही है, उन्हें बचा रही है और भारत विरोधी कार्यक्रमों को जारी रखने की छूट दे रही है।
खालिस्तान जिंदाबाद फोर्स के ऑपरेटिव प्रभप्रीत सिंह सिद्धू को राज्य विशेष ऑपरेशन सेल (एसएसओसी) अमृतसर ने दिल्ली के आईजीआई हवाई अड्डे से बुधवार (10 अप्रैल 2024) को गिरफ्तार किया गया।
पन्नू ने आरोप लगाया कि केजरीवाल ने न्यूयॉर्क में खालिस्तानियों से वादा किया था कि अगर उनकी सरकार बनी तो प्रोफ़ेसर देविंदर पाल सिंह भुल्लर को 5 घंटे के भीतर छोड़ दिया जाएगा।