पीड़िता 10वीं की छात्रा है। उसके साथ गाँव के ही चार युवकों ने उस समय गैंगरेप का प्रयास किया, जब वो अपनी दादी के साथ शौच कर के लौट रही थी। कोहरा और बरसात का फायदा उठाकर मनचलों ने लड़की को जबरन खींच लिया और...
पुलिस ने बताया कि देर रात छात्रों ने नारेबाजी की तो उन्हें शांत करा दिया गया। इसके बाद सुबह दोबारा करीब 150 छात्रों ने पत्थरबाजी की। लेकिन, हालात पर काबू पाने में पुलिस को ज्यादा देर नहीं लगी।
6 दिसंबर की देर रात इबरार रंजना को एक झोपड़ी में ले गया और उस पर शादी का दबाव बनाने लगा। जब लड़की ने इससे इंकार किया तो उसने उसे पटका, उसका मुँह दबाया और चाकू से गले को लगभग अलग कर दिया।
"मैं मजदूर हूँ। 5 महीने पहले पति मर गए। बेटे काम की तलाश में दरभंगा और नेपाल चले गए। एक महीने पहले जब मेरी बेटी खेत में धान काट रही थी, तभी अरमान अंसारी ने उसके साथ बलात्कार किया। उसे गर्भ भी ठहर गया। मैं चाहती थी कि वो मेरी बेटी से शादी कर ले, लेकिन उसने इनकार कर दिया और फिर जला कर मार भी डाला।"
प्रॉपर्टी डीलर के बेटे ने घर में घुसकर की बलात्कार की कोशिश। नाकाम रहने पर केरोसिन डाल जलाया। लड़की की हालत नाजुक। पीड़ित पक्ष पर समझौता करने के लिए बनाया जा रहा दबाव।
परिवार का आरोप है कि आरोपित शख्स ने घर में घुसकर पीड़िता के साथ रेप का प्रयास किया था लेकिन पीड़िता के विरोध के बाद जब वह नाकाम रहा तो उसने केरोसिन तेल छिड़कर पीड़िता को जिंदा जलाने की कोशिश की। पीड़िता 80 फीसदी जल चुकी हैं।
"मुझे वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा निर्देश दिया गया है कि हमें 10 रस्सियाँ तैयार कर के रखनी हैं। मुझे ये नहीं पता कि इतनी बड़ी संख्या में फाँसी के फंदों वाली रस्सियों की माँग किस जेल ने की है? लेकिन हमलोग पूरी मेहनत से अपना काम करने में लगे हुए हैं।"
ऑटो के नजदीक पहुँचने पर जंगल के अंदर से बच्ची के रोने की आवाज़ आई। आवाज़ सुनते ही परिजन रात के अँधेरे में मोबाइल का टॉर्च जला कर उस तरफ़ दौड़ पड़े। लोगों की आवाज़ सुन कर आरोपित वहाँ से भाग निकला।
छात्राओं ने बताया कि हॉस्टल के बाहर अक्सर लड़के अश्लील हरक़तें करते हैं और उन पर भद्दी टिप्पणियाँ भी करते हैं। उन्होंने शिक़ायत की कि उनके हॉस्टल के बाहर सुरक्षा गार्ड भी मौजूद नहीं रहता।
नक्सली हिंदूवादी संगठनों के विस्तार को रोकने के लिए बड़ी साज़िश कर रहे हैं। इसके लिए गुरिल्ला युद्धनीति और लैंडमाइंस का प्रयोग करने की योजना नक्सलियों द्वारा बनाई जा रही है। नक्सली बिहार के विभिन्न जिलों में घूम कर संगठन को मजबूत करने में लगे हुए हैं।