2017 में गोवा की अदालत से आरोप तय हो जाने के बाद तेजपाल ने बॉम्बे हाईकोर्ट का रुख़ किया था। हाई कोर्ट ने भी आरोप खारिज करने की उनकी याचिका नामंजूर कर दी थी।
शेहला के दावों को खारिज करते हुए सेना ने कहा है कि असामाजिक तत्व और संगठन लोगों को भड़काने के लिए फर्जी खबरें फैला रहे हैं। जम्मू के डिविजनल कमिश्नर कहा है कि अफवाह फैलाने वाले लोगों के बारे में पुलिस जानकारी जुटा रही है।
वामपंथी एक्टिविस्ट कविता कृष्णन ने सोशल मीडिया में वायरल हुए अपने लीक ईमेल में भी कपिल काक, जस्टिस शाह के बारे में बात की है। लीक मेल में जम्मू-कश्मीर को अनुच्छेद 370 से मिला विशेष दर्जा हटने के विरोध की रणनीति का ब्यौरा मौजूद है।
सीजेआई रंजन गोगोई ने अनुच्छेद 370 के फैसले के खिलाफ़ दायर याचिका पर वकील एमएल शर्मा से सुनवाई के दौरान पूछा कि ये किस तरह की याचिका है? और इसमें क्या फाइल किया गया है? याचिका लें और दूसरी याचिका दाखिल करें।
"विदेशी यात्रियों में एक विरोधाभास था क्योंकि कुछ ने कहा कि वो बाबर था जिसने मंदिर को ध्वस्त कर दिया जबकि कुछ का कहना है कि इसे औरंगजेब के कार्यकाल के दौरान नष्ट किया गया। लेकिन उनके बीच अयोध्या में भगवान राम के जन्मस्थान होने को लेकर कोई मतभेद नहीं था।"
पंजाब की कैप्टन अमरिंदर सरकार ने इस बाबत प्रधानमंत्री मोदी से दखल की अपील की थी। पटियाला प्रशासन का कहना है कि वहाँ की स्थिति अभी नियंत्रण में है। इसलिए होशियारपुर, जालंधर, कपूरथला और गुरुदासपुर की तरह वहाँ स्कूल, कॉलेजों को बंद करने की जरूरत नही पड़ी।
कोर्ट ने रामलला के वकील से पूछा कि राम का जन्मस्थान कहाँ है? तो वकील एस सी वैद्यनाथन ने इसका जवाब देते हुए कहा कि राम का जन्मस्थान बाबरी मस्जिद के गुंबद के नीचे है।