Homeफ़ैक्ट चेक'अहमदाबाद-मुंबई के बीच नहीं चलेगी बुलेट ट्रेन': मीडिया रिपोर्ट्स को मोदी सरकार ने बताया...

‘अहमदाबाद-मुंबई के बीच नहीं चलेगी बुलेट ट्रेन’: मीडिया रिपोर्ट्स को मोदी सरकार ने बताया झूठ, PIB ने कहा-रेल मंत्रालय ने नहीं लिया ये फैसला, E10 शिंकानसेन से प्रोजेक्ट की होगी शुरुआत

एक रिपोर्ट में जापानी ट्रेन न चलने की वजह कीमत बताई गई। दावा किया गया कि जापान ने तय कीमत 3 गुना अधिक बढ़ा दी, जिसके चलते भारत सरकार ने बुलेट ट्रेन न चलाने का फैसला लिया।

अहमदाबाद और मुंबई के बीच जापानी बुलेट ट्रेन नहीं चलने का दावा ‘फर्जी’ निकला है। कुछ मीडिया संस्थानों ने इस खबर को धड़ल्ले से चलाया था। इसमें दावा किया गया था कि जापानी बुलेट ट्रेन के बजाय वंदे भारत ट्रेन को चलाया जाएगा। लेकिन PIB ने इस दावे को ‘भ्रामक’ बताया है।

PIB ने खबर का फैक्ट-चेक करते हुए बताया कि रेल मंत्रालय ने इस तरह का कोई निर्णय नहीं लिया है। बल्कि मुंबई और अहमदाबाद के बीच बुलेट ट्रेन चलाने के कार्य प्रगति पर है। साथ ही भारत और जापान के बीच हुई रणनीतिक साझेदारी की भी जानकारी दी।

क्या था मीडिया का दावा

हिन्दुस्तान समाचार की एक रिपोर्ट में जापानी ट्रेन न चलने की वजह कीमत बताई गई। दावा किया गया कि जापान ने तय कीमत 3 गुना अधिक बढ़ा दी, जिसके चलते भारत सरकार ने बुलेट ट्रेन न चलाने का फैसला लिया। दावा किया गया सप्लाई करने से पहले ₹16 करोड़ कीमत बताई गई। जबकि सप्लाई करते वक्त इसकी कीमत बढ़ाकर ₹50 लाख कर दी गई।

जबकि हाल ही कि PIB की प्रेस-रिलीज में अहमदाबाद-मुंबई हाईस्पीड कॉरिडोर को लेकर पूरी जानकारी दी गई। इसमें कार्य की गति पर भी जानकारी साझा की गई है। साथ ही जापान सरकार द्वारा बुलेट ट्रेन देने की भी सूचना दी गई है।

क्या है अहमदाबाद-मुंबई कॉरिडोर

अहमदाबाद और मुंबई के बीच हाई स्पीड कॉरिडोर का निर्माण कराया जा रहा है। यह हाई स्पीड कॉरिडोर 508 किलोमीटर लंबा है। जो कि जापान की शिंकानसेन टेक्नोलॉजी से बनाया जा रहा है। इसके लिए भारत-जापान के बीच साझेदारी की गई है। इसके तहत जापान सरकार भारत में इस कॉरिडोर के लिए अगली पीढ़ी की E10 शिंकानसेन ट्रेनों की शुरुआत करने का निर्णय लिया है।

310 किलोमीटर का निर्माण हुआ पूरा

अहमदाबाद और मुंबई के बीच चलने जा रही हाई स्पीड कॉरिडोर की जापानी बुलेट ट्रेन का 310 किलोमीटर का निर्माण पूरा हो गया है। जबकि महाराष्ट्र में BKC से थाणे के बीच पहले चरण की 21 किलोमीटर टनल को खोला जा चुका है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

नया नहीं नासिक का कार्पोरेट जिहाद, देशभर के KPO-BPO में निशाने पर हिंदू लड़कियाँ: पूर्व KPO कर्मी के तौर पर मैं बताऊँगा इस्लामी कट्टरपंथियों...

नासिक में 'कॉरपोरेट जिहाद' ने देशभर में सनसनी फैला दी है। यह इकलौता मामला नहीं है, देशभर में हिंदू लड़कियाँ निशाने पर हैं, पढ़ें मेरा अनुभव।

रेप हो रहा है तो लेटकर मजे लो, लड़कियों में दिमाग नहीं है क्या… क्यों हर बार पीड़िताओं को ही ‘गुनहगार’ बताते हैं कॉन्ग्रेस...

अमरावती कांड में कॉन्ग्रेस की 'टुच्ची' सोच को पूरी तरह उजागर करते कॉन्ग्रेस नेत्री यशोमती चंद्रकांत ठाकुर का पीड़िताओं पर सवाल उठाते बयान सामने आया है।
- विज्ञापन -