आगरा मामले से जिस धर्मांतरण गिरोह का पर्दाफ़ाश हुआ है, वह इस्लाम ना कबूलने पर लड़कियों का रेप करता था। यह गैंग दिल्ली में इन लड़कियों को कैद रखता था। धर्मांतरण करा चुकी लड़कियों को ‘सेफ जोन’ में रखा जाता था। यह सारी जानकारी एक पीड़िता ने ही दी है।
दैनिक भास्कर की एक रिपोर्ट के अनुसार, इस गैंग के सरगना अब्दुल रहमान कुरैशी के चंगुल से हरियाणा की एक लड़की आजाद करवाई गई है। उस लड़की को दिल्ली के शाहीन बाग़ के हॉस्टल में कैद करके अब्दुल रहमान ने रखा था। बाद में अब्दुल लड़की को अपने घर ले गया, जहाँ उसका धर्मांतरण करवा दिया।
अप्रैल 2025 में लड़की का धर्मांतरण गिरोह के सदस्य जुनैद से निकाह कराया गया। अब लड़की को कोलकाता भेजने की तैयारी थी। हरियाणा की लड़की अब पुलिस के पास सुरक्षित है। लड़की ने पुलिस को धर्मांतरण गिरोह से संबंधित अहम जानकारियाँ दी है।
लड़की ने जुनैद के बारे में भी बताया, जो धर्मांतरण गिरोह का सदस्य है। वह वर्तमान में पुलिस से बचने को भागा हुआ है। पुलिस उसे पकड़ने की कोशिश में लगी हुई है।
धर्मांतरण करवा बना दिया था ‘शिफा’
हरियाणा की लड़की ने बताया कि 2019 में फेसबुक पर जुनैद से उसकी दोस्ती हुई थी। धीरे-धीरे बातचीत बढ़ने लगी और वह घर की परेशानियाँ भी साझा करने लगी। लड़की के पिता फैक्ट्री में काम करते हैं और काफी मुश्किलों से घर का खर्चा चलाते हैं। लड़की की आर्थिक स्थिति का फायदा जुनैद ने आसानी से उठा लिया।
जब 25 नवबंर 2024 को लड़की की शादी तय हुई, तभी जुनैद ने लड़की को बरगलाना शुरू कर दिया। कहने लगा कि शादी करके लड़की की जिंदगी खराब हो जाएगी। जुनैद ने लड़की से कहा, “अल्लाह के लिए तुम सब छोड़कर मेरे पास आ जाओ।” जुनैद की बातों में आकर लड़की ने शादी से 12 दिन पहले अपना घर छोड़ दिया और दिल्ली आ गई।
जुनैद ने ही हरियाणा की लड़की को शाहीन बाग के एक हॉस्टल में ठहराया था। लड़की ने बताया कि वहाँ एक मौलाना आता था और इस्लाम के बारे में ब्रेनवॉश करता था। साथ ही हिंदू धर्म के खिलाफ भड़काता था। इस दौरान इस्लाम से प्रभावित होने के लिए कुछ वीडियो भी दिखाए गए।
लड़की ने पुलिस को बताया कि धर्मांतरण अब्दुल रहमान के घर पर हुआ था। लड़की का नाम इसके बाद शिफा रख दिया गया। रहमान ही लड़की का सारा खर्चा उठाता था। रहमान ने ही जुनैद से लड़की का निकाह कराया। फिर निकाह के बाद दोनों को दूर रहने सलाह दी। रहमान कहता था कि जुनैद के पास अभी बड़ी जिम्मेदारी है।
कुछ समय बाद लड़की को पता लगा कि जुनैद तो शादीशुदा है। रहमान ने ही लड़की को यह बात बताई थी। रहमान कहता था कि उनके मजहब में सब जायज़ है। कहता कि प्रेम से बढ़कर कुछ नहीं होता है।
लड़की वापस परिवार के पास जाएगी
पुलिस की पूछताछ के बाद अब हरियाणा की लड़की को वापस परिजन को सौंपा जाएगा। वह 12 नवंबर 2024 से घर से लापता थी। परिजन ने हरियाणा के सांपला थाने में गुमशुदगी का दर्ज करवाया था। पुलिस तब से ही तलाश में जुटी हुई थी।
वहीं, गैंग के सरगना अब्दुल रहमान को 14 दिन की पुलिस हिरासत में भेजा गया है। इससे पहले पुलिस की टीम उसे आगरा ले गई थी, जहाँ मामले से जुड़ी कई जानकारियाँ दी।
जानें पूरा मामला
हाल ही में आगरा में धर्मांतरण गिरोह का भंडाफोड़ किया गया। इस गिरोह के तार पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI), सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (SDPI) और पाकिस्तान के आतंकी संगठनों से जुड़े हैं। इन्हें कनाडा, UAE और अमेरिका से फंडिंग मिलती थी। यह मामला आगरा की दो लापता बहनों की जाँच से सामने आया।
जाँच में 7 लोगों के खिलाफ सबूत मिले। उनके खिलाफ वारंट जारी हुए। फिर पुलिस ने 11 टीमें छह राज्यों में भेजीं। आगरा पुलिस ने यूपी, गोवा, पश्चिम बंगाल, उत्तराखंड, दिल्ली और राजस्थान में छापे मारे। आखिर में कोलकाता की मुस्लिम बस्ती से बहनों को रेस्क्यू किया गया। यहाँ से धर्मांतरण कराने वाले गिरोह के 10 लोगों को गिरफ्तार किया गया।
21 जुलाई 2025 को पुलिस ने गैंग के सरगना अब्दुल रहमान कुरैशी को दिल्ली के मुस्तफाबाद से गिरफ्तार किया। पुलिस को उसके घर से ब्रेनवॉश संबंधित कई किताबें भी मिली। उसके चंगुल से हरियाणा की लड़की को भी छुड़ाया गया, जिसका अब्दुल ने जबरन धर्मांतरण करा दिया था।


