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बस को रोका, यात्रियों को एक-एक कर उतारा और 14 लोगों को गोलियों से भून डाला – बलूचिस्तान से आई बुरी ख़बर

इस हमले की अभी तक किसी भी समूह ने ज़िम्मेदारी नहीं ली है। हमले की बड़े पैमाने पर जाँच शुरू कर दी गई है। आतंकी बंदूकधारियों को ट्रैक करने का आदेश दे दिया गया है।

पाकिस्तान के प्रतिबंधित बलूचिस्तान प्रांत में बंदूकधारियों ने यात्रियों को बसों से उतरने के लिए मजबूर किया। इसके बाद वर्दीधारी आतंकियों ने उन यात्रियों में से कम से कम 14 लोगों की हत्या कर दी।

ख़बर के अनुसार, प्रांतीय गृह सचिव हैदर अली ने बताया कि हमलावरों की संख्या दो दर्जन के आसपास थी और उन्होंने अर्धसैनिक फ्रंटियर कोर की वर्दी पहनी हुई थी।

उन्होंने कहा, “मकरान कोस्टल हाईवे पर बस को रोका गया और 14 लोगों को मार दिया गया।” उन्होंने कहा कि चार वाहन कराची के पोर्ट मेगासिटी से तटीय शहर ओरमारा की ओर जा रहे थे। आतंकियों ने तभी इस घटना को अंजाम दिया। अली ने यह जानकारी भी दी कि मृतकों में एक नौसेना अधिकारी और एक तट रक्षक सदस्य भी मारा गया। ऐसा अनुमान है कि सभी पीड़ित पाकिस्तानी हैं।

प्रांतीय गृह मंत्री मीर जिया लैंगोव ने मीडिया को बताया कि इस हमले की बड़े पैमाने पर जाँच शुरू कर दी गई है। आतंकी बंदूकधारियों को ट्रैक करने का आदेश दे दिया गया है। उन्होंने कहा, “ऐसी घटनाएँ असहनीय हैं और हम उन आतंकवादियों को नहीं छोड़ेंगे, जिन्होंने इस नृशंस हमले को अंजाम दिया।”

प्रांतीय राजधानी क्वेटा में एक आत्मघाती विस्फोट के बाद हुए इस ताज़ा हमले की अभी तक किसी भी समूह ने ज़िम्मेदारी नहीं ली है। आपको बता दें कि बलूचिस्तान अफगानिस्तान और ईरान की सीमा पर है। यह पाकिस्तान का सबसे बड़ा और सबसे गरीब प्रांत है। साथ ही साथ इस्लामवादी, सम्प्रदायवादी और अलगाववादी विद्रोहियों का स्थल भी है। यहाँ ISIS भी सक्रिय है। पिछले सप्ताह क्वेटा में फल मार्केट में शिया जाति को टारगेट करके किए गए हमले की ज़िम्मेदारी ISIS ने ली थी।

इसके अलावा बलूचिस्तान अरबों डॉलर के चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारे (CPEC) की परियोजना का प्रमुख स्थल भी है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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