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‘प्रार्थना तुम्हारी है, हमें क्यों सुनाते हो’ : राज ठाकरे ने फिर दिया मस्जिदों से लाउडस्पीकर हटाने का अल्टीमेटम, बोले- हम दंगा नहीं चाहते

राज ठाकरे ने हाल में प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए कहा कि नमाज के लिए फुटपाथ की जरूरत क्यों है? घर पर पढ़ो। वह बोले, “प्रार्थना आपकी है अगर तो हमें क्यों सुना रहे हो। अगर इन्हें हमारी बात समझ नहीं आती तो आपकी मस्जिद के सामने हनुमान चालीसा बजाएँगे।"

महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS/मनसे) के प्रमुख राज ठाकरे एक बार फिर से लाउडस्पीकर विवाद पर अपनी राय रखने मीडिया के सामने आए। रविवार को उन्होंने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि उनकी लाउडस्पीकर हटवाने की माँग नमाज करने का विरोध नहीं है। वह बस चाहते हैं कि महाराष्ट्र में कोई दंगा न हो।

उन्होंने कहा, “हम महाराष्ट्र में कोई दंगे नहीं चाहते। किसी ने भी नमाज का विरोध नहीं किया। लेकिन अगर तुम मुस्लिम इसे लाउडस्पीकर पर करोगे तो हम भी लाउडस्पीकर का इस्तेमाल करेंगे। मुस्लिमों को समझना होगा मजहब कानून से बड़ा नहीं है। हम 3 मई के बाद देखेंगे क्या कर सकते हैं।” उन्होंने जहाँगीरपुरी हिंसा को लेकर कहा, “मुझे लगता है कि ऐसी चीजों का जवाब उन्हीं ढंग में दिया जाना चाहिए। वरना लोगों को समझ में नहीं आएगी।”

उन्होंने पूछा कि नमाज के लिए फुटपाथ की जरूरत क्यों है? घर पर पढ़ो। वह बोले, “प्रार्थना आपकी है अगर तो हमें क्यों सुना रहे हो। अगर इन्हें हमारी बात समझ नहीं आती तो आपकी मस्जिद के सामने हनुमान चालीसा बजाएँगे। राज्य सरकार को हम कहते हैं कि हम इस मुद्दे से पीछे नहीं हटेंगे। आपको जो करना है करो।”

उन्होंने कहा, “ऐसा कौन सा धर्म है जो दूसरे धर्म तकलीफ देता है। हम गृह विभाग को कहना चाहते हैं हमें दंगे नहीं चाहिए। 3 मई तक सारे लाउडस्पीकर मस्जिद से हटने चाहिए। हमारी तरफ से कोई तकलीफ नहीं होगी।” उन्होंने मस्जिदों पर लगे लाउडस्पीकर्स को धार्मिक नहीं, सामाजिक मुद्दा बताया। वह बोले कि अगर एक दिन में लाउडस्पीकर से पाँच बार आजान होगी तो हम पाँच बार लाउडस्पीकर से हनुमान चालीसा पढ़ेंगे। 

उन्होंने मनसे को धमकी देने वालों को चेतावनी दी और कहा, “अगर कोई महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना को धमकी दे रहा है तो मैं कहना चाहता हूँ कि हमने हाथ नहीं बाँधे हुए। अगर कुछ लोग पथराव कर रहे हैं तो उन्हें मुँहतोड़ जवाब मिलेगा। अगर वे लोग हथियार के साथ हैं तो ये याद रखा जाएग कि हम भी ऐसा ही करेंगे।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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