इस हमले की सीसीटीवी फुटेज ट्विटर पर जारी की गई है। धमाके के घंटे भर के भीतर मौके पर पहुँचे मुख्यमंत्री एन बिरेन सिंह ने इसे कायरतापूर्ण कृत्य बताते हुए दोषियों को दंडित किए जाने का वादा किया।
आन्ध्र-प्रदेश ने अपने उस फैसले को वापस ले लिया है जिसमें छात्रों को दिए जाने वाले सम्मान का नाम पूर्व राष्ट्रपति कलाम की जगह वाईएसआर रेड्डी के नाम पर तय किया गया था।
बीबीसी ने अपनी रिपोर्ट के अंत में लिखा कि पराली जलाने पर खुली धमकी देने वाला संगठन (भारतीय किसान यूनियन) राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से संबद्ध संगठन है। जबकि वास्तविकता में ये संगठन आरएसएस से जुड़ा हुआ ही नहीं है।
"शिवसेना के फ़ैसला लेते ही सब कुछ तय हो जाएगा क्योंकि ठाकरे को समर्थन देने को लेकर कॉन्ग्रेस में कोई अंदरूनी विवाद नहीं है। शिवसेना जब से भाजपा के साथ गई, तभी से उसने धर्म की राजनीति शुरू की है। भाजपा का साथ छोड़ते ही उसकी विचाधारा बदल जाएगी।"
"जब तुम अपने लोकतंत्र को अजायबघर (म्यूजियम) में तब्दील कर फुरसत पा लो तो दुनिया के और भी पुराने पार्लियामेंट हाउस को, जैसे वेस्टमिंस्टर को गौमूत्र का अध्य्यन करने वाला संस्थान बनाने या फिर यूएस कैपिटोल को वैदिक काल में उड्डयन संबंधी संग्रहालय बनाने में अपनी सेवा देने के लिए तैयार रहो।"