शाहरुख द्वारा शेयर की इस तस्वीर को अपलोड किए कुछ वक़्त ही गुज़रा था कि एक यूज़र ने उन्हें "झूठा मुस्लिम (मुनाफिक)" कहा और उन्हें ईद की शुभकामनाएँ दीं। हैरानी इस बात पर होती है कि हिन्दू त्यौहार के लिए नफ़रत इतनी प्रबल है कि...
आइएस सरगना से सहानुभूति दिखाने वाला वाशिंगटन पोस्ट अकेला नहीं है। ब्लूमबर्ग ने भी बगदादी का महिमामंडन किया है। उसके मुताबिक, "बगदादी छोटे से गॉंव से आया ऐसा शख्स था जिसने कई बाधाओं को पार कर मुकाम हासिल किया।"
पुलिस ने अशफाक और मोइनुद्दीन का आमना-सामना आसिम से करवाया। देखते ही दोनों ने आसिम को पहचान लिया। अशफाक ने उससे कहा, "ये काम मैंने कर दिखाया।" आसिम ने ही दोनों को हत्या के लिए उकसाया था।
रम्या कई महीनों से कॉन्ग्रेस के किसी भी कार्यक्रम में नजर नहीं आई हैं। कॉन्ग्रेस की सोशल मीडिया टीम की मुखिया के पद से इस्तीफा देने के बाद से सोशल मीडिया पर भी सक्रिय नहीं हैं।
30 अक्टूबर को बीजेपी विधायक दल के नेता का चुनाव होना है। इसके लिए भाजपा अध्यक्ष और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह मुंबई जाएँगे। कयास हैं कि विधायक दल का नेता चुने जाने के बाद वे शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे से मिल सकते हैं।
22 अक्टूबर से इस मामले की सुनवाई फिर से शुरू हो गई है। इतने पुराने मामले के गुनहगार शायद ही मिलें। लेकिन, इसने एक नई बहस को जन्म दे दिया है। क्या इतने पुराने मामले दोबारा खोले जाने चाहिए?
हाल के समय में बंगाल में राजनीतिक हिंसा की घटनाओं में तेजी देखी गई है। भाजपा नेताओं का कहना है, " पश्चिम बंगाल में कानून का कोई राज नहीं हैं। जहाँ आमिर को मारा गया, वह जगह एसडीपीओ कार्यालय से ज्यादा दूर नहीं है।"
"वह एक दहशतगर्द था, जिसने हमेशा लोगों को डराने की कोशिश की। लेकिन अपनी ज़िंदगी के आख़िरी लम्हों में ख़ुद बेहद डरा और घबराया हुआ था। अमरीकी सेना ने उसका पीछा किया और मौत के मुॅंह तक पहुँचाया। वह सुरंग में गिरकर कुत्ते की मौत मरा।"